Arts & CultureAstrology & ReligionNational

राम मंदिर का निर्माण अगले साल दिसंबर में हो जाएगा पूरा-चंपत राय

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महामंत्री एवं विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के अंतरराष्ट्रीय उपाध्यक्ष चंपत राय ने शनिवार को कहा कि राम मंदिर का निर्माण कार्य दिसंबर 2023 तक पूरा हो जाएगा। इसके बाद रामलला को नवनिर्मित मंदिर में विराजमान करा दिया जाएगा। दो दिन के प्रवास पर वृंदावन पहुंचे चंपत राय ने यहां साधु-संतों और धर्माचार्यों के साथ बैठक कर मंदिर निर्माण की प्रगति की जानकारी दी। राय ने शनिवार को कृष्णकृपा धाम में मीडियाकर्मियों से कहा कि अयोध्या में जन्मभूमि पर बन रहा यह मंदिर राष्ट्र में परिवर्तन लाने वाला होगा। मंदिर निर्माण शुरू होने से पूरे विश्व में भारत के प्रति सोचने की दृष्टि बदली है।

जन्मभूमि पर मंदिर निर्माण कार्य शुरू होने से पहले रामलला को अस्थायी रूप से बनाए गए लकड़ी के मंदिर में विराजमान किया गया। जन्मभूमि पर मंदिर की नींव का निर्माण कार्य शनिवार को पूरा हो गया। चट्टान रूपी नींव में लोहे के एक भी तार का प्रयोग नहीं किया गया है। इस नींव के निर्माण में सीमेंट का भी प्रयोग बहुत कम किया गया है। इसमें आईआईटी मद्रास द्वारा बताए गए मिश्रण का प्रयोग किया है। इसमें 98 प्रतिशत घनत्व पर कंक्रीट डाली गई है। इसमें 1-1 मीटर पर लेयर हैं। गर्भगृह में 56 और बाहर 48 लेयर हैं। यह काम नौ महीने में पूरा हुआ।

उन्होंने बताया कि अगले सप्ताह से मंदिर की फर्श को ऊंचा करने का काम शुरू हो जाएगा। फर्श ऊंचा करने के लिए 5, 3 और 2.5 फीट के 17 हजार ग्रेनाइट के पीस लगाए जाएंगे। यह फर्श करीब साढ़े छह मीटर ऊंचा होगा। छह महीने में यह काम पूरा होने के बाद जून से मंदिर निर्माण का काम शुरू हो जाएगा। 2.75 एकड़ में मंदिर का निर्माण होगा। इसके बाद साढ़े छह एकड़ जमीन को कवर करते हुए नौ मीटर मोटी दीवार बनाई जाएगी। पूरे मंदिर निर्माण में 17 लाख घन फीट पत्थर लगेगा।

राय ने बताया कि मंदिर निर्माण के बाद अयोध्या में सामान्य दिनों में प्रतिदिन 50 हजार श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है, जबकि किसी पर्व विशेष पर यह संख्या दो से ढाई लाख तक हो सकती है। मंदिर निर्माण में तीर्थयात्रियों की संख्या का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। मथुरा में श्रीकृष्ण जन्मस्थान को लेकर चल रही गहमा-गहमी के बीच विहिप का क्या स्टैंड रहेगा, इस सवाल पर चंपत राय ने कहा कि अभी बारिश का समय है, कीचड़ है, फिसलन का डर रहता है, एक पैर जम जाए तब दूसरा पैर रखा जाएगा। panchjanya

BABA GANINATH BHAKT MANDAL  BABA GANINATH BHAKT MANDAL

Related Articles

Back to top button