
देश में कोरोना वायरस के नए मामलों में एक बार फिर तेज वृद्धि होने लगी है और पिछले 24 घंटों के दौरान राष्ट्रीय राजधानी में सक्रिय मामले 694 बढ़ गये हैं, जो चिंता का विषय है।देश में बुधवार को 15 लाख 47 हजार 288 कोविड टीके लगाये गये। अब तक एक अरब 87 करोड़,07 लाख, 08 हजार 111 वैक्सीन डोज दिये जा चुके हैं।केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से गुरुवार सुबह जारी आंकड़ों के मुताबिक पिछले 24 घंटों के दौरान देश में संक्रमण के 2,380 नये मामले सामने आए।
इसके साथ कुल संक्रमितों की तादाद चार करोड़ 30 लाख 49 हजार 974 हो गयी है। वहीं पांच लाख 22 हजार 62 लोग इस बीमारी से अपनी जान गंवा चुके हैं। इस दौरान देश में सक्रिय मामलों में 1093 की बढ़ोतरी हुई है। इसके बाद इनकी इनकी कुल संख्या 13,433 हो गयी है। इसी दौरान 1231 मरीज स्वस्थ हुए हैं जिसके साथ ही कोरोनामुक्त होने वालों की संख्या बढ़कर चार करोड़ 25 लाख 14 हजार 479 हो गयी है ।देश में सक्रिय मामलों की दर 0.03 प्रतिशत और रिकवरी दर 98.76 फीसदी तथा मृत्यु दर 1.21 पर स्थिर है।पिछले 24 घंटे में राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सबसे अधिक 694 सक्रिय मामले बढ़े हैं। इसके बाद यहां कोरोना मरीजों की संख्या 2641 हो गयी है।
इस दौरान 314 लोगों के स्वस्थ होने से ठीक होने वाले मरीजों की कुल संख्या 1841890 हो गयी। इस अवधि में कोविड-19 से किसी मरीज की मौत नहीं हुई और मृतकों का आंकड़ा 26,161 पर बरकरार रहा।वहीं हरियाणा में सक्रिय मामलों में 150 की वृद्धि हुई है। राज्य में इस समय 1275 सक्रिय मामले हैं। इस दौरान 160 लोगों के स्वस्थ होने से महामारी से उबरने वाले मरीजों की कुल संख्या 975896 हो गयी। पिछले 24 घंटों के दौरान यहां कोविड-19 से किसी मरीज की मौत नहीं हुई और मृतकों का आंकड़ा 10,618 पर स्थिर रहा।केरल में कोरोनावायरस के सक्रिय मामलों में 111 की वृद्ध होने से इनकी संख्या 2543 हो गयी है। इससे निजात पाने वाले लोगों की संख्या 191 बढ़कर 6466959 हो गयी, जबकि मृतकों की संख्या में 53 की बढ़ोतरी होने से यह आंकड़ा 68702 पर पहुंच गया है।न्यूज़ सोर्स वार्ता
एक से ऊपर हुई देश में कोरोना संक्रमण की आर वैल्यू
देश में तीन महीने में पहली बार आर वैल्यू एक के ऊपर पहुंच गई है। आर वैल्यू के एक से ऊपर होने का मतलब है कि संक्रमण का प्रसार तेजी से हो रहा है। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि इससे डरने की नहीं, सतर्क रहने की जरूरत है। चेन्नई के गणितीय विज्ञान संस्थान (आइएमएस) के शोधकर्ता सीताभ्र सिन्हा देश के मुताबिक पिछले कुछ हफ्तों से देश में आर वैल्यू में लगातार वृद्धि हो रही है। बीते हफ्ते यानी 12-18 अप्रैल के बीच यह 1.07 प्रतिशत थी। इससे पहले के हफ्ते में यह 0.93 थी। जनवरी में आर वैल्यू एक से ज्यादा दर्ज की गई थी। 16-22 जनवरी के हफ्ते में यह 1.28 थी। ईमेल के जरिये प्रेट्र के साथ बातचीत में सिन्हा ने कहा कि आर वैल्यू में वृद्धि सिर्फ दिल्ली की वजह से नहीं हो रही है, बल्कि हरियाणा और उत्तर प्रदेश में बढ़ते मामले भी इसके लिए जिम्मेदार हैं।
बता दें कि महामारी की शुरुआत से ही सिन्हा आर वैल्यू पर नजर रख रहे हैं। दिल्ली और उत्तर प्रदेश में आर वैल्यू दो से अधिक सिन्हा ने बताया कि दिल्ली और उत्तर प्रदेश के साथ ही कर्नाटक में केस बढ़ रहे हैं। दिल्ली और उत्तर प्रदेश में आर वैल्यू दो से अधिक है। महानगरों की बात करें तो मुंबई, चेन्नई और बेंगलुरु में भी आर वैल्यू एक से अधिक है।
कोलकाता के आंकड़े नहीं मिल सके हैं। 18 अप्रैल को खत्म हुए हफ्ते में अनुमानित आर वैल्यू दिल्ली के लिए 2.12, उत्तर प्रदेश के लिए 2.12, कर्नाटक के लिए 1.04, हरियाणा के लिए 1.70, मुंबई के लिए 1.13, चेन्नई के लिए 1.18 और बेंगलुरु के लिए 1.04 थी। दूसरी और तीसरे लहर से पहले भी एक से अधिक थी आर वैल्यू पिछले साल के आखिर में ओमिक्रोन के चलते जब तीसरी लहर ने दस्तक दी थी तब आर वैल्यू 2.98 (30 दिसंबर, 2021 से 10 जनवरी, 2022) दर्ज की गई थी। दूसरी लहर से ठीक पहले भी आर वैल्यू 1.08 दर्ज की गई थी।
क्या है आर वैल्यू ?
आर वैल्यू संक्रमण की स्थिति को दर्शाती है। आर वैल्यू के एक से अधिक होने का मतलब है कि एक संक्रमित व्यक्ति एक से अधिक लोगों को और संक्रमित कर रहा है। एक से अधिक आर वैल्यू होने पर सक्रिय मामले बढ़ते हैं। आर वैल्यू के एक या उससे कम रहने का मतलब है कि संक्रमण का प्रसार रुक गया है जो महामारी के खत्म होने का संकेत भी है।
फिलहाल चौथी लहर की संभावना नहीं
भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आइसीएमआर) के पूर्व मुख्य विज्ञानी डा. आर गंगाखेड़कर ने कहा कि आर वैल्यू के एक से ऊपर होने से चिंता करने की जरूरत नहीं है, सतर्क रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि देश में ओमिक्रोन के किसी नए संक्रामक वैरिएंट का पता नहीं चला है। इसलिए फिलहाल चौथी लहर की आशंका नजर नहीं आ रही है।



