
वाराणसी। सारनाथ के श्रीनगर इलाके में बिहार निवासी पिता पुत्र का शव एक ही कमरे में मिलने से हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची पुलिस व फॉरेंसिक टीम जांच पड़ताल कर मौत का सुराग का ढूढ़ने में जुट गई। मिली जानकारी के अनुसार पहड़िया स्थित श्रीनगर कालोनी में बांसदेव बाबा मंदिर के समीप टिन शेड के बने तीन कमरे में पिता पुत्र रहते थे। बुधवार सुबह रहस्यमय परिस्थितियों में पिता और पुत्र का सड़ा ,गला शव मिला तो इलाके में सनसनी फैल गई।
बताया गया कि बालेश्वर ओझा 82 वर्ष व उसके पुत्र जित्तन ओझा 52 वर्ष बिहार के भोजपुर जिले के सेमरिया ग्राम के निवासी थे। दोनों बीते दो दिनों से बाहर नहीं दिख रहे थे। इसी बीच कमरे से दुर्गन्ध आयी तो पीपल के समीप जल चढ़ाने आये लोगों ने शक जताते हुए काना फुसी शुरू कर दी। आसपास के लोगों को संदेह हुआ तो पुलिस को सूचना दी गई। सूचना के कुछ देर बाद इलाकाई थानेदार भूपेश कुमार राय, आशापुर चौकी प्रभारी राजीव कुमार सिंह सदलबल मौके पर पहुंच गए। फोरेंसिक टीम को भी बुला लिया गया। जांच पड़ताल में पुलिस को कमरे से मिले आधार कार्ड से मृतकों के बारे में जानकारी हुई।
इधर क्षेत्रीय लोगों ने बताया कि पिता, पुत्र श्रीनगर कालोनी में लगभग 20 वर्षों से बंजर जमीन पर टिन शेड के मकान में रह रहे थे। पांच वर्ष पूर्व श्रीनगर कालोनी में ही डीह बाबा मंदिर पर फूल माला बेचने का कार्य करते थे जो फिलहाल बन्द हो गया। इसके बाद अड़ोस पड़ोस से मांग कर दोनों किसी तरह खा कर गुजारा करते थे। मृत जित्तन की पत्नी व दो पुत्र राम व लक्ष्मण को लेकर लगभग 8 वर्ष पूर्व बेरोजगारी के कारण बिहार चली गयी थी। क्षेत्रीय लोगों कि माने तो उस जमीन पर कुछ लोगों की निगाह लगी थी। मौत को लेकर इलाके में तरह-तरह की चर्चाओं का बाजार भी गर्म रहा। पुलिस मौत से जुड़े हर पहलू पर जांच कर रही थी।




