
वाराणसी। जिला कोर्ट में फर्जी प्रपत्रों के आधार पर जमानत कराने के मामले में शिकायत मिलने व सम्बंधित विभाग से जांच आख्या मिलने के बाद रीडर की तहरीर पर महिला समेत दो नामजद के खिलाफ धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में कैण्ट थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया।
एसके शर्मा ने इस मामले में माननीय उच्च न्यायालय में 25 मई 2022 प्रार्थना पत्र दिया था जिसमें बताया गया कि उसकी पुत्री दीपमाला शर्मा का दहेज उत्पीड़न का मुकदमा न्यायालय सिविल जज (जूडि) एफटीसी प्रथम वाराणसी में मुकदमा मनोज कुमार वगैरह, अंतर्गत चल रहा है। जिसमे विपक्षीगण हिमांशु कुमार, नीलम निवासी मोहल्ला- मिश्र थाना कोतवाली जनपद कन्नौज ने कंप्यूटर से चार फर्जी खतौनिया तैयार कराकर न्यायालय सिविल जज एफटीसी प्रथम, वाराणसी में अपनी फर्जी जमानत करायी थी।
इस संबंध में तहसीलदार सदर, वाराणसी द्वारा अवगत कराया गया कि जांच के बाद पाया गया कि उक्त चारों खतौनियां तहसील सदर वाराणसी से निर्गत नहीं है ये फर्जी हैं। विपक्षी नीलम देवी तथा हिमांशु कुमार द्वारा फर्जी तथा कूटरचित प्रपत्र तैयार कर प्रस्तुत किये गए है। रीडर सिविल जज एफटीसी कोर्ट -1 हरिराम भारती की तहरीर पर कैण्ट पुलिस ने धारा 419,420,467,468,471 के तहत मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।



