
वाराणसी। अपर जिला जज संजीव कुमार सिन्हा की अदालत ने दहेज के लिए विवाहिता को जलाकर मार डालने के मामले में आरोपित पति और सास को दोषमुक्त कर दिया। बाकराबाद, थाना जैतपुरा निवासी पति उसमान गनी व सास बाजबून निशा उर्फ मुन्नी को आरोप सिद्ध न होने पर संदेह का लाभ देते हुए दोष मुक्त कर दिया। अदालत में बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता हरिशंकर सिंह ने पक्ष रखा। अभियोजन पक्ष के अनुसार आगागंज, जैतपुरा निवासी वादी रियाज अहमद ने राज्य महिला आयोग में प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
आरोप था उसकी पुत्री नाजरीज की शादी 22 मार्च 2020 को उसमान गनी के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही ससुराल वालें कम दहेज का ताना देते और प्रताड़ित करते थे। पति और सास पावरलूम लगाने के लिए एक लाख की मांग करते थे। इनकार करने पर उसे मारपीटा जाता था। 22 दिसंबर 2011 को वादी को सूचना मिली कि उसकी पुत्री की मौत हो गई है। जब वह अपने पुत्री के ससुराल पहुंचा तो देखा उसके शरीर के कई चोटों के निशान थे व जली हुई अवस्था में मृत पड़ी थी।



