चौबेपुर,वाराणसी । चौबेपुर थाना क्षेत्र में मंगलवार की रात गांव के बाहर मड़ई में सो रहे वृद्ध की अज्ञात हमलावरों ने हत्या कर दी। बुजुर्ग के सिर और गले पर धारदार हथियार से वार किया गया था। मामले की जानकारी बुधवार को सुबह हुई जब परिजन वहां पहुंचे। देखा वृद्ध का शव खून से लथपथ और मृत पड़ा था। परिजनों ने घटना की जानकारी तत्काल पुलिस को दी। मौके पर डीसीपी वरुणा जोन आरती सिंह, एडीसीपी वरुणा मनीष शांडिल्य, एसीपी सारनाथ राजकुमार सिंह समेत फॉरेसिंग टीम और डॉग स्क्वॉड ने जांच पड़ताल की आगे की कार्रवाई में शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया।
जानकारी के अनुसार मंगलवार की रात चौबेपुर थाना क्षेत्र के ढूंढ़वा गांव निवासी हरिराम (80) खाना खाकर अपने घर से कुछ दूरी पर स्थित खेत में बनी मड़ई में सोने चले गए। परिजन दूसरे घर में सोए हुए थे। बुधवार की सुबह काफी देर होने के बाद हरिराम मड़ई से नहीं निकले तो परिजनों को चिंता हुई। उन्हें बाहर नहीं देखकर पोती मड़ई में पहुंची तो हरिराम खून से लथपथ थे। खीख पुकार के बीच वहां ग्रामीणों को जुटान हुआ। किसी ने पुलिस को मामले की जानकारी दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल की। हरिराम का खून चोरों तरफ पसरा था। सिर और गले पर धारदार हथियार से एक दर्जन से ज्यादा वार किया गया था। चीखती चिल्लाती हुई बाहर आई और रोने लगी।
परिजन और ग्रामीण अंदर गए तो शव पड़ा था और उसके चारो ओर खून बिखरा था। हरिराम के सिर व गले पर धारदार हथियार से वार कर उनकी हत्या की गई थी। पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि गांव के ही कुछ लोगों से संपत्ति का विवाद चल रहा था। पुलिस भी हत्या की वजह संपत्ति विवाद ही मान कर चल रही है। पुलिस ने जांच के दौरान मृतक हरिराम के बिस्तर पर पड़ा मंगलसूत्र अपने कब्जे में ले लिया है। मृतक का बड़ा बेटा जयनाथ का निधन हो चुका है। छोटा बेटा दिल्ली में पेंटर का काम करता है। मंगलवार को बड़े पुत्र की लड़की व उनकी पोती सोनम की दिन में गोद भराई हुई। कार्यक्रम में आये रिश्तेदार शाम को घर लौट गये थे। जांच में सामने आया कि हरिराम अपने छोटे बेटे के परिवार में रहते थे।



