
नागपुर । मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के संरक्षक इंद्रेश कुमार ने अपील करते हुए कहा है कि सभी धर्मों के लोगों को अपनी परंपरा और रिवाजों के अनुसार धार्मिक त्योहार मनाने चाहिए। किसी को भी दूसरे के धर्म में दखल नहीं देना चाहिए। नागपुर के आसी नगर इलाके में स्थित मलिक सेलिब्रेशन हॉल में मुस्लिम राष्ट्रीय मंच की ओर से बुधवार को 25वें रोजे के मौके पर ‘दावत-ए-रोजा इफ्तार’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में इंद्रेश कुमार ने शिरकत की। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में मौजूद लोगोंं ने संकल्प किया कि सारे जहां से अच्छा हिन्दुस्तान था, है और रहेगा। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के समय हमारे देश के लोगों ने सारे भेदभाव भुलाकर इंसानियत और इंसान को बचाने का काम किया है।
उन्होंने कहा कि देश की अंदरूनी और बाहरी ताकतें हमें जात और धर्म के नाम पर बांटने और लड़वाने की कोशिश कर रही हैं। हिन्दुस्तान में यह सब पहले भी था और आज भी हो रहा है। उन्होंने कहा कि कोरोना के साथ-साथ नफरत का जहर फैलाने वाले वायरस से बचने की जरूरत है। सभी धर्मों के लोग आपस में मिलजुल कर रहे और इंसानियत तथा भाईचारे को बढ़ावा दें।
देश में चल रहे मजहबी सियासत पर प्रतिक्रिया देते हुए इंद्रेश कुमार ने कहा कि सभी धर्म के लोग अपनी परंपरा और रिवाजों के अनुसार त्योहार मनाएं। एक-दुसरे के मजहब में दखल ना दे। उन्होंने अपील करते हुए कहा कि हर राज्य कि अपनी एडवाइजरी होती है, उसका पालन करते हुए त्योहार मनाने चाहिए। उन्होंने कहा कि दूसरे के धार्मिक त्योहार में दखल देना और हमला करना इसकी सभी को निंदा करनी चाहिए। जो लोग निंदा नहीं करते वह अभारतीय, असंवैधानिक और अमानवीय है।
उन्होंने बताया कि अपना त्योहार मनाते समय अन्य धर्म के लोगों को भी निमंत्रण देना चाहिए। नतीजतन समाज में दंगे नहीं, भाईचारा बढ़ेगा। उन्होंने सभी राज्यों से अपील की कि धार्मिक भाईचारे को बढ़ावा मिले, इस तरह की एडवाइजरी बनाई जाए। उन्होंने राजनेताओं से भी अपील करते हुए कहा कि समाज के लोगों को आपस में लड़वाना और बांटना बंद करें। उन्होंने कहा कि सभी धर्मों के लोग भारत को एकजुट और महान देश बनाने में योगदान दें।(हि.स.)



