नयी दिल्ली : राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के शरद पवार और अजीत पवार धड़े के बीच पार्टी तथा चुनाव चिन्ह को लेकर चल रही रस्साकस्सी अजीत पवार द्वारा चुनाव चिन्ह पर दावे के लिए याचिका दायर करने के साथ ही निर्वाचन आयोग पहुंच गयी है।
राकांपा से नाता तोड़कर महाराष्ट्र में भारतीय जनता पार्टी तथा शिवसेना एकनाथ शिंदे गुट की सरकार में शामिल होने वाले अजीत पवार ने बुधवार को यहां निर्वाचन आयोग में याचिका दायर कर राकांपा के चुनाव चिन्ह पर अपना दावा ठोक दिया।इस बीच शरद पवार धड़े ने भी केविट याचिका दायर कर मांग की है कि इस मामले में कोई आदेश जारी करने से पहले उनका पक्ष भी सुना जाना चाहिए। अजीत पवार ने अपने दावे के समर्थन में कुछ विधायकों के शपथ पत्र भी आयोग को दिये हैं।उधर महाराष्ट्र में राकांपा प्रमुख शरद पवार ने समर्थकों से कहा कि पार्टी चुनाव चिन्ह हमारे पास ही है।
भुजबल ने की शरद पवार की तारीफ
महाराष्ट्र के मंत्री एवं राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के वरिष्ठ नेता छगन भुजबल ने बुधवार को शरद पवार की प्रशंसा करते हुए उन्हें भगवान विट्ठल जैसा बताया।राकांपा में विभाजन के बाद यहां मुंबई एजुकेशनल ट्रस्ट (एमईटी) में अजित पवार गुट के पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने अपने आसपास के पार्टी नेताओं के एक समूह पर परोक्ष रूप से हमला करने का अवसर जब्त कर लिया।
राकांपा के प्रदेश अध्यक्ष जयंत पाटिल और जितेंद्र अवहाद पर परोक्ष हमला करते हुए श्री भुजबल ने कहा,“हम शरद पवार के प्रति वफादार रहे, लेकिन ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि हमारे विट्ठल (पवार) चापलूसों से घिरे हुए थे।” उन्होंने कहा,“अगर नागालैंड में राज्य राकांपा विधायकों को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार में शामिल होने की अनुमति है, तो हम क्यों नहीं।” उन्होंने कहा,“हम सरकार के साथ मिलकर आम लोगों की समस्याओं का समाधान करेंगे।”(वार्ता)



