
वाराणसी। बिहार सरकार में कैबिनेट मंत्री तेज प्रताप यादव अपने निजी दौरे पर पहुंचे थे। शुक्रवार की रात एक होटल मैनेजमेंट के कारण उन्हें देर रात भटकना पड़ा। देर रात जब वह सिगरा स्थित होटल पहुंचे, जहां वो टिके हुए थे तो उन्हें होटल प्रबंधन ने बेदखल कर दिया। इस मामले में सिगरा थाने में तहरीर दी गयी। वहीं होटल प्रबंधन का कहना है कि उनका सामान होटल के रिसेप्शन पर लाकर रखा गया था क्योंकि उक्त कमरा किसी और को एलॉट था।
तेज प्रताप के सहायक विशाल सिन्हा की माने तो अरकडिया होटल में कमरा नंबर 205 और 206 में सामान रखा गया था। कमरा नंबर 206 मंत्री तेजप्रताप यादव रुके हुए थे। जबकि 205 में निजी सहायक एवं सुरक्षाकर्मी रुके हुए थे। शुक्रवार रात में गंगा में नौकायन के बाद मंत्री एवं अन्य सभी जब होटल पहुंचे तो दोनों कमरे का सामान रिसेप्शन पर रखा हुआ था। इस संबंध में होटल कर्मियों से पूछताछ करने पर बताया गया कि होटल के जीएम के कहने पर ऐसा किया गया।
घटनाक्रम के बाद मंत्री, उनके निजी सहायक एवं सुरक्षाकर्मी कार से सामान समेत वहां से रवाना हो गए। होटल प्रबंधन के मुताबिक दोनों कमरे आॅनलाइन किसी अन्य ने बुक किए थे। जबकि मंत्री एवं उनके लोगों ने यह कमरा बिना बुक कराए ही अपना सामान रख दिया था। इसी कारण उनका सामान निकलवाया गया। बिना बुकिंग के ही मंत्री एवं अन्य के सामान कैसे होटल में रखे गए। इस संबंध में छानबीन कराई जा रही।



