
नई दिल्ली । रांची के जमीन घोटाले में तीसरी बार भेजे गए समन पर आईएएस छवि रंजन ने सोमवार को ईडी के एयरपोर्ट रोड स्थित जोनल कार्यालय में हाजिरी लगाई। उनसे पूछताछ शुरू कर दी गई है। छवि रंजन फिलहाल झारखंड सरकार में सोशल वेलफेयर डिपार्टमेंट के डायरेक्टर हैं। वह कुछ महीने पहले तक रांची के डिप्टी कमिश्नर के तौर पर पोस्टेड थे। उनके कार्यकाल में सेना की लगभग साढ़े चार एकड़ जमीन के अलावा कई अन्य भू-खंडों की खरीद-बिक्री फर्जी दस्तावेजों के आधार पर किए जाने का घोटाला हुआ है।
बता दें कि बीते 13 अप्रैल को ईडी की टीमों ने आईएएस छवि रंजन सहित 18 लोगों के झारखंड, बिहार, बंगाल स्थित 21 ठिकानों पर छापामारी की थी। ईडी ने छापामारी के दौरान छवि रंजन से पूछताछ भी की थी। इस दौरान जमीन-जायदाद के सैकड़ों डीड, कागजात, हेराफेरी के लिए तैयार किए गए फर्जी दस्तावेज, सील-मुहर, अंचल कार्यालय के सरकारी रजिस्टर आदि बरामद किए गए थे। इस सिलसिले में सात लोगों को गिरफ्तार किया गया था, जिन्हें ईडी रिमांड पर लेकर पहले से पूछताछ कर रही है। इनमें बंगाल के आसनसोल निवासी कारोबारी प्रदीप बागची, सीआई भानु प्रताप, अफसर अली, इम्तियाज खान, तल्हा खान, फैयाज खान और मोहम्मद सद्दाम शामिल हैं।
गिरफ्तार किए गए लोगों ने ईडी से पूछताछ में बताया है कि जमीन की गलत तरीके से खरीद-बिक्री के लिए रजिस्ट्री और अंचल ऑफिस के दस्तावेजों में हेर-फेर की गई थी। इस बात का भी खुलासा हुआ कि सेना की जिस साढ़े चार एकड़ जमीन की अवैध तरीके से बिक्री की गई है, उसकी रजिस्ट्री डीसी छवि रंजन के आदेश पर की गई थी। अवर निबंधक ने इसका जिक्र जमीन की डीड में किया है।(वीएनएस)



