
कोलकाता । पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में तृणमूल कांग्रेस के एक अल्पसंख्यक नेता भादू शेख की हत्या के बाद गांव के कई घरों में लगाई गई आग में झुलसकर 10 लोगों की मौत पर मंगलवार को विधानसभा में भाजपा सदस्यों ने जमकर हंगामा किया है। प्रश्नोत्तर के दौरान भाजपा सदस्य शंकर घोष ने विधानसभा अध्यक्ष विमान बनर्जी का ध्यान इस ओर खींचा और चर्चा कराने की मांग की। साथ ही मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के इस्तीफे को लेकर नारेबाजी भी की। विमान बनर्जी ने कहा कि प्रश्नोत्तर पूरा होने के बाद इस बारे में बात होगी। इससे असंतुष्ट होकर भाजपा सदस्यों ने हंगामा किया। वेल के पास पहुंचकर नारेबाजी करते हुए विधानसभा से वॉकआउट कर गए।
भाजपा विधायक दल के नेता मनोज टिग्गा ने मीडिया से कहा कि बीरभूम नरसंहार से साबित हो गया है कि पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था पूरी तरह से खत्म हो गई है। सामान्य लोगों से लेकर जनप्रतिनिधि के भी जीवन का कोई मूल्य बंगाल में नहीं रह गया है। इस बर्बर हत्याकांड के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को अपने पद पर बने रहने का कोई अधिकार नहीं है। उन्हें तुरंत इस्तीफा देना चाहिए। मनोज ने दावा किया कि रामपुरहाट के बकटुई गांव में सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस के लोगों ने आग में जलाकर 11 लोगों को मौत के घाट उतार दिया।
बीरभूम तृणमूल कांग्रेस के अध्यक्ष अणुव्रत मंडल ने दावा किया है कि शार्ट सर्किट की वजह से आग लगी है। इसे लेकर शंकर घोष ने पूछा कि अगर शार्ट सर्किट से आग लगी है तो क्यों ममता बनर्जी ने राज्य के एक मंत्री, विधानसभा के उपाध्यक्ष और एक विधायक को तुरंत घटनास्थल पर भेजा है? पुलिस अधिकारियों को क्लोज क्यों किया गया है? चकदह से भाजपा के विधायक बंकिम घोष ने कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति पूरी तरह से खत्म है। केंद्र सरकार को फौरन हस्तक्षेप करना चाहिए। उन्होंने कहा कि चुनाव के बाद सैकड़ों लोगों को मौत के घाट उतारा गया। बर्बरता देखकर दिल दहल उठता है।
कोलकाता । पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले के रामपुरहाट ब्लॉक अंतर्गत बटकुई गांव में आगजनी की वजह से 10 लोगों की मौत पर भारतीय जनता पार्टी ने केंद्र सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने इस नरसंहार पर मंगलवार को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और राज्यपाल जगदीप धनखड़ का ध्यानाकर्षण किया है। उन्होंने ट्विटर पर लिखा है कि बीरभूम की घटना में मृतकों की संख्या कम दिखाने की कोशिश हो रही है। साक्ष्यों को दबाने और मिटाने का प्रयास शुरू हो गया है। इस पर तुरंत हस्तक्षेप किए जाने की जरूरत है।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने कहा है कि राज्य के हालात धीरे-धीरे राष्ट्रपति शासन की ओर बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी बंगाल की गृहमंत्री भी हैं और जिस तरह की घटनाएं हुई है उसे देखते हुए अगर उन्हें थोड़ी भी लज्जा हो तो इस्तीफा दे देना चाहिए। उन्होंने कहा कि 10 लोगों को जलाकर मौत के घाट उतार दिया गया। ममता बनर्जी बार-बार गुजरात और उत्तर प्रदेश का जिक्र करती हैं लेकिन क्या भारत के किसी भी दूसरे राज्य में ऐसी घटना हो सकती है। केंद्र सरकार को तुरंत हस्तक्षेप करना चाहिए।(हि.स.)



