NationalState

ज्ञानवापी परिसर में एएसआई सर्वे फिर शुरू

वाराणसी : ज्ञानवापी मस्जिद परिसर में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) को वैज्ञानिक सर्वेक्षण करने से रोकने की अंजुमन इंतजामिया मसाजिद समिति की याचिका शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय द्वारा खारिज किए जाने के बाद शनिवार को मुस्लिम पक्ष एएसआई टीम के समर्थन में आगे आया और मस्जिद परिसर का ताला खुलवाकर सर्वे के काम को शुरू कराया।एएसआई टीम के 30 से अधिक सदस्य सुबह लगभग आठ बजे मस्जिद परिसर में दाखिल हुए।

अंजुमन इंतेजामिया मसाजिद कमेटी के संयुक्त सचिव एस एम यासीन और मुस्लिम पक्ष के दो वकील मुमताज अहमद और मोहम्मद अखलाक सर्वेक्षण टीम के साथ रहे। हिंदू पक्ष के वकील मदन मोहन यादव ने कहा, “ अहमद ने मस्जिद के ताले खोले जिसके बाद टीम मस्जिद परिसर के अंदर दाखिल हुई।”ज्ञानवापी मस्जिद के एएसआई सर्वेक्षण का यह दूसरा दिन है। इस दौरान सुरक्षा के चाक चौबंद इंतजाम रहे। शनिवार को भी गोदौलिया से मैदागिन तक वाहनों की आवाजाही रोक दी गई थी। सुबह 8 बजे से जारी सर्वेक्षण दोपहर 12:30 बजे तक चला और कुछ देर विश्राम के बाद दोपहर दो बजे से शाम पांच बजे तक सर्वेक्षण का काम जारी रहा।

ज्ञानवापी मस्जिद परिसर और उसके आसपास स्थानीय पुलिस, पीएसी और आरएएफ के जवानों को तैनात किया गया था।सर्वे के विरोध में अदालत की शरण में जाने वाली अंजुमन इंतजामिया मसाजिद कमेटी आज सर्वेक्षण का समर्थन के लिए आगे आई और कहा कि वे सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों का सम्मान करते हैं और उनका पालन करते हैं, जिसने एएसआई सर्वेक्षण की अनुमति दी है और ज्ञानवापी मस्जिद के एएसआई सर्वेक्षण के लिए इलाहाबाद के आदेश पर रोक नहीं लगाई है।

ज्ञानवापी में गैर हिंदुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध वाली याचिका पर 08 अगस्त को सुनवाई

इलाहाबाद उच्च न्यायालय वाराणसी जिला अदालत के एएसआई सर्वेक्षण के आदेश को प्रभावित किए बिना पूरे ज्ञानवापी मस्जिद परिसर को सील करने और गैर हिंदुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने की मांग वाली जनहित याचिका पर आठ अगस्त को सुनवाई करेगा।इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अपने तीन अगस्त के आदेश में वाराणसी जिला जज के आदेश को को सही करार दिया था। इसके बाद उच्चतम न्यायालय ने सर्वेक्षण पर रोक लगाने से इंकार कर दिया है। (वार्ता)

ज्ञानवापी सर्वेक्षण पर रोक से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, मस्जिद प्रबंधन की याचिका खारिज

BABA GANINATH BHAKT MANDAL  BABA GANINATH BHAKT MANDAL

Related Articles

Back to top button