
मुंबई : शिवसेना के सांसद संजय राउत ने धन शोधन के एक कथित मामले की जांच के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के समक्ष पेश होने के लिए मंगलवार को अतिरिक्त समय मांगा, जिसकी अनुमति एजेंसी ने उन्हें दे दी। राउत के वकील ने यह जानकारी दी।राउत के वकील पेशी के लिए अतिरिक्त समय देने की मांग को लेकर पूर्वान्ह करीब सवा 11 बजे जांच एजेंसी के कार्यालय पहुंचे।वकील ने कहा, ‘‘ ईडी का समन सोमवार देर रात मिला था। ईडी ने कुछ दस्तावेज मांगे हैं, इसलिए हमने कुछ अतिरिक्त समय देने का अनुरोध किया।’’ईडी ने संजय राऊत को अलीबाग में खरीदी गई जमीन के बारे में पूछताछ के लिए एक जुलाई को हाजिर होने का आदेश दिया है।
उन्होंने कहा, ‘‘ इतने कम समय में उन दस्तावेजों को एकत्रित करना संभव नहीं था, इसलिए हमने ईडी से समय मांगा था और उसने हमें समय दे दिया है।’’वकील ने बताया कि उन्होंने 14 दिन का समय मांगा था।इस बीच, राउत ने पत्रकारों से कहा कि वह पार्टी के कुछ कार्यक्रमों में व्यस्त हैं और उसके बाद केंद्रीय एजेंसी के कार्यालय जाएंगे।शिवसेना के प्रमुख प्रवक्ता ने कहा, ‘‘ कुछ लोग हमें जेल पहुंचाना और राज्य चलाना चाहते है, जैसा कि आपातकाल के दौरान हुआ था।’’
कुछ राज्यों में केंद्रीय एजेंसियों के इस्तेमाल का उल्लेख करते हुए, राउत ने आपातकाल के दौरान राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ की गई ज्यादतियों को उसके समानांतर करार दिया और कहा कि वह ‘‘दूसरी आजादी’’ के लिए सलाखों के पीछे जाने को तैयार हैं।ईडी ने राउत को मुंबई की एक ‘चॉल’ के पुनर्विकास और उनकी पत्नी तथा दोस्तों से जुड़े अन्य वित्तीय लेन-देन से संबंधित धन शोधन के कथित मामले की जांच के सिलसिले में पूछताछ के लिए मंगलवार को तलब किया था।
राउत को ऐसे समय में तलब किया गया है, जब शिवसेना के कुछ विधायकों की बगावत की वजह से महाराष्ट्र की महा विकास आघाड़ी (एमवीए) सरकार के भविष्य पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं।रातउ ने कहा, ‘‘ मैं अपने काम निपटाने के बाद ईडी के समक्ष पेश हो जाऊंगा। मैं एक सांसद हूं। मुझे कानून पता है। भले ही कानून प्रवर्तन एजेंसियां गलत तरीके से काम कर रही हैं, लेकिन मैं कानून का पालन करने वाला व्यक्ति हूं।’’
राउत ने सोमवार को कहा था कि उनके राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ उनकी लड़ाई रोकने की ‘‘साजिश’’ के तहत उन्हें ईडी ने तलब किया है। उन्होंने बताया था कि वह मंगलवार को एजेंसी के सामने पेश नहीं हो पाएंगे, क्योंकि उन्हें अलीबाग (रायगढ़ जिला) में एक बैठक में हिस्सा लेना है।महाराष्ट्र के मंत्री अनिल परब अपने खिलाफ दर्ज धन शोधन के एक मामले में पिछले सप्ताह पूछताछ के लिए ईडी के सामने पेश हुए थे।(भाषा)
बताया जा रहा है कि गोरेगांव स्थित पत्राचाल योजना में हुए घोटाले की जांच ईडी कर रही है। इस मामले में आरोपित के बैंक खाते से संजय राऊत की पत्नी के बैंक खाते में पैसे ट्रांसफर हुए थे। इसी मामले की जांच ईडी मनी लॉन्ड्रिंग ऐंगल से कर रही है। इसी पैसे से संजय राऊत पर अलीबाग में जमीन खरीदने का आरोप है। हालांकि संजय राऊत ने वह सभी पैसे लौटा देने तथा अलीबाग में जमीन अपने मेहनत के पैसे से तकरीबन 20 साल पहले खरीदने का दावा किया है। राऊत ने आरोप लगाया कि उन्हें ईडी जानबूझकर परेशान कर रही है। इस समय राज्य में सियासी संकट है और भाजपा हर हालत में शिवसेना का अस्तित्व खत्म करने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है।(हि.स.)।



