Astrology & Religion

तीन दिन बाद खुले मां कामाख्या के कपाट, उमडा श्रद्धा का सैलाब

अम्बुवाची महोत्सव में मंगला आरती के बाद किया मां का भव्य श्रंगार.मां के दर्शन को लगी लम्बी कतारें, पुलिसफोर्स भी रहा मुस्तैद.

फिरोजाबाद । कस्बा जसराना में तीन दिवसीय अम्बुवाची महोत्सव के तहत मां कामाख्या धाम में मातारानी के दर्शन के लिये शनिवार को भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। इस दौरान माता के दर्शन को भक्तों की लम्बी-लम्बी लाइन लग गई। मां के दर्शन करने आये भक्तों के जयकारों से पूरे कस्बे का माहौल भक्तमय हो गया। सुरक्षा की दृष्टि से भारी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा।

कस्बा जसराना स्थिति मां कामाख्या धाम में शनिवार को अंबुबाची महोत्सव के आयोजन के दौरान मां कपाट खोले गए। भाग्यशाली महिलाओं ने वेदमंत्रों के साथ मां के गर्भग्रह के पट खोले। महेश स्वरूप बृहमचारी के नेतृत्व में मंदिर के आचार्याें ने मां की मंगला आरती को सम्पन्न किया। मंगला आरती के बाद मां का सफेद श्रंगार उतारकर भव्य श्रंगार किया गया। सुबह से आम भक्तों के लिये पट खोले गये। गर्भग्रह के पट खोलते मंदिर प्रांगण मां के जयकारों से गूजंने लगा।

महोत्सव में कस्बा के साथ ग्रामीण क्षेत्रों व यूपी के कई जिलों के साथ हरियाणा, दिल्ली, एमपी एवं राजस्थान से भी आकर काफी मात्रा में भक्तों ने मां के दर्शन किए। मंदिर में मंदिर प्रबंधन के साथ पुलिस प्रशासन की चाक चौबंद व्यवस्था रही। भक्तों ने पूरी श्रद्धा एवं संयम से मां के दर्शन किए। मंदिर प्रशासन की ओर से सभी दर्शनार्थीयों को प्रसाद वितरण किया गया। वहीं भक्तों ने मां से अपने परिवार के लिए सुख एवं समृद्धि की कामना की।

भीड़ को देखते हुए क्षेत्राधिकारी शैलेन्द्र शर्मा, क्षेत्राधिकारी शिकोहाबाद कमलेश कुमार एवं थाना प्रभारी आजादपाल सिंह मंदिर परिसर में सुरक्षा की दृष्टि से जमे रहे। जसराना के पूर्व विधायक रामगोपाल उर्फ पप्पू लोधी दो दिन से मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं में लगे रहे। मां कामाख्या के दर्शन को उमड़ी भक्तों की भीड़ को देखते हुए एसपी ग्रामीण अखिलेश नरायन सिंह और एसडीएम नवनीत गौयल सिंह जसराना थाना प्रभारी से मंदिर परिसर की स्थिति का जायजा लेते रहे।

असम के गुवाहाटी मंदिर के बाद यह दूसरा मंदिर

असम के गुवाहाटी मंदिर के बाद फिरोजाबाद जिले के जसराना में यह माता कामाख्या की दूसरी शक्तिपीठ है, इस मंदिर में माता के विग्रह की स्थापना 1984 में हुई थी। इस मंदिर में साल 1985 से हर साल अंबुबाची महोत्सव मनाया जाता है। यह महोत्सव 22 जून से 25 जून तक मनाया जाता है। मान्यता है कि इन तीन दिनों में माता कामाख्या रजस्वला होती है, इसलिये मंदिर के कपाट 22 जून को तीन दिन के लिये बंद कर दिये गये थे जो आज खोले गये।(हि.स.)

BABA GANINATH BHAKT MANDAL  BABA GANINATH BHAKT MANDAL

Related Articles

Back to top button