
दुद्धी, सोनभद्र- नगर के शिवाजी प्राचीन तालाब पर बुधवार को नवनिर्मित मंदिर में श्री शनिदेव महाराज की स्थापना हेतु विधि विधान के साथ पांच दिवसीय अनुष्ठान प्रारंभ हो गई। पूजन का प्रारंभ बुधवार को वृहद कलश यात्रा के साथ हुआ। प्रातः करीब नौ बजे शिवाजी तालाब से गाजे बाजे के साथ निकली कलश यात्रा में काफी संख्या में महिलाएं, बच्चे व पुरूष शामिल हुए।तालाब से निकली कलश यात्रा नगर के मुख्य मार्ग से होते हुए , शक्तिपीठ मां काली मंदिर पहुंची। जहां वाराणसी से आये प्रकाण्ड विद्वानों ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच यजमान विजय कुमार (सपत्नीक) के साथ घंटो अनुष्ठान कर,कार्यक्रम को गति प्रदान किया।

पूजन के उपरांत मंदिर परिसर से ही सभी कलशों में जलभर कर यात्रा शिवाजी तालाब के लिए निकल पड़ी। मुख्य कलश विजय कुमार व उनकी धर्मपत्नी तथा 51 कलश लिए महिलाएं, बच्चे व पुरुषों का काफिला भक्ति गीत के साथ जयकारा लगाते हुए गंतव्य के लिए रवाना हो गयी।पांच दिवसीय इस वृहद अनुष्ठान में गुरुवार को बेदी पूजन व अन्नाधिवास, शनिवार को नगर भ्रमण व रविवार को प्राण प्रतिष्ठा, भव्य श्रृंगार व भंडारा का कार्यक्रम आयोजित है।

ये सारे अनुष्ठान आचार्य महेंद्र देव पांडेय, पं. देवी प्रसाद पांडेय, पं. विजय प्रकाश दुबे,रुद्रशंकर तिवारी, कल्याण मिश्रा व बाबा रामकेवल दास जी के नेतृत्व में सम्पन्न होगा।इस मौके पर चंद्रिका प्रसाद आढ़ती,भोलानाथ आढ़ती,गणेश लाल जौहरी, राकेश श्रीवास्तव, अमरनाथ जायसवाल,संदीप कुमार, रूपेश जौहरी, रविन्द्र जायसवाल, मोती अग्रहरि,कुमार चंदन,कुमार कुंदन,सभासद धीरज जायसवाल,संतोष कुमार एडवोकेट समेत भारी संख्या में गणमान्य शामिल हुए।



