वर्षों से परेशान लोगों को मिली राहत, अब हर घर तक पहुंचेगा भरपूर पानी
वाराणसी के पिशाचमोचन क्षेत्र में 53.19 लाख रुपये की लागत से नए नलकूप के रिबोर एवं इंटर-कनेक्शन कार्य का महापौर अशोक कुमार तिवारी ने शिलान्यास किया। परियोजना पूरी होने पर क्षेत्रवासियों को पानी के कम दबाव और गर्मियों में होने वाली जल किल्लत से राहत मिलेगी। नगर निगम ने इसे पेयजल व्यवस्था सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया है।
वाराणसी। नगर निगम वाराणसी शहर की पेयजल व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं व्यवस्थित बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। इसी क्रम में शनिवार को महापौर अशोक कुमार तिवारी ने पिशाचमोचन क्षेत्र में 53.19 लाख रुपये की लागत से एक नए नलकूप के रिबोर एवं अन्तः संयोजन (इंटर-कनेक्शन) कार्य का विधिवत शिलान्यास किया। इस परियोजना के पूर्ण होने के बाद क्षेत्र के हजारों नागरिकों को लो-प्रेशर और गर्मी के मौसम में होने वाली पेयजल किल्लत से राहत मिलने की उम्मीद है।
शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महापौर अशोक कुमार तिवारी ने कहा कि नगर निगम का लक्ष्य शहर के प्रत्येक नागरिक तक पर्याप्त मात्रा में स्वच्छ एवं निर्बाध पेयजल उपलब्ध कराना है। पिशाचमोचन क्षेत्र लंबे समय से जलापूर्ति संबंधी समस्याओं का सामना कर रहा था। गर्मियों में पानी का दबाव कम होने और कई स्थानों पर पर्याप्त जलापूर्ति नहीं होने की शिकायतें लगातार प्राप्त हो रही थीं। इन समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए नलकूप के रिबोर एवं इंटर-कनेक्शन कार्य की योजना तैयार की गई है।
उन्होंने कहा कि इस परियोजना के पूरा होने के बाद न केवल पिशाचमोचन वार्ड बल्कि आसपास के कई मोहल्लों में भी जलापूर्ति व्यवस्था बेहतर होगी। इससे नागरिकों को नियमित और पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध हो सकेगा तथा गर्मी के मौसम में पानी के संकट से जूझना नहीं पड़ेगा।
महापौर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रेरणा, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व, नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री अरविन्द कुमार शर्मा तथा दक्षिणी विधानसभा क्षेत्र के विधायक डॉ. नीलकण्ठ तिवारी के मार्गदर्शन में वाराणसी में आधारभूत सुविधाओं के विकास के लिए अनेक जनकल्याणकारी परियोजनाएं संचालित की जा रही हैं। पेयजल, सड़क, सीवर और स्वच्छता जैसे क्षेत्रों में निरंतर कार्य किए जा रहे हैं, जिससे शहरवासियों को बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।
नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार नलकूप के रिबोर के साथ-साथ इंटर-कनेक्शन का कार्य भी कराया जाएगा, जिससे जलापूर्ति नेटवर्क की क्षमता में वृद्धि होगी और विभिन्न क्षेत्रों में पानी का दबाव संतुलित बना रहेगा। परियोजना के पूर्ण होने के बाद जल वितरण व्यवस्था अधिक प्रभावी और सुचारु हो जाएगी।
इस अवसर पर क्षेत्रीय पार्षद मनीष कुमार गुप्ता सहित नगर निगम के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। स्थानीय लोगों ने क्षेत्र की लंबे समय से चली आ रही पेयजल समस्या के समाधान की दिशा में उठाए गए इस कदम का स्वागत करते हुए नगर निगम एवं जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि नए नलकूप के निर्माण और जलापूर्ति व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण से उन्हें विशेष रूप से गर्मी के दिनों में होने वाली परेशानियों से राहत मिलेगी तथा क्षेत्र की जलापूर्ति व्यवस्था पहले की अपेक्षा अधिक मजबूत और विश्वसनीय बनेगी।
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