लगातार बारिश से कनहर नदी ऊफान पर,बार्डर के गांवों में सतर्कता बढ़ायी गयी
हरपुरा- बैरखड़ को जोड़ने वाला रपटा बाढ़ में कटा
दुद्धी, सोनभद्र- क्षेत्र में लगातार तीन दिनों से हो रही बारिश से कनहर नदी में उफान आने के साथ ही पहले से सुस्त पड़ी परियोजना का निर्माण कार्य अब और ठंडा पड़ने की संभावना बढ़ गई| वही दूसरी ओर 14 जून को अचानक जल स्तर बढने के साथ महकमे की तंद्रा भी भंग हो गई| आनन-फानन में सिंचाई महकमे ने अमवार से 170 किमी दूर चांदों(छत्तीसगढ़) से नदी के बेग पर नंजर रखने के लिए पांच चिन्हित स्थानों पर गेज मैन को तैनात कर दिया| जो चार-चार घंटे की स्थिति से अवगत कराते रहेगे|

इस बाबत अवर अभियन्ता राजेश कुमार ने बताया कि बीते साल की भांति इस बार भी 15 जून से अक्टूबर माह तक के लिए दस गेज मैनों की अलग-अलग स्थानों पर तैनाती किया गया है| इसमें सबसे पहला प्वाइंट छत्तीसगढ़ का चांदो इलाका है| इसके बाद दूसरा प्वाइंट भी उसी राज्य के रामानुजगंज इलाके में है,जिसकी दुरी 95 किमी,तीसरा पांगन नदी के त्रिशूली है,जिसकी दुरी 25 किमी,चौथा प्वाइंट क्षेत्र के कोरची एवं पांचवा अमवार में बनाया गया है|
सभी स्थानों पर दो-दो कर्मियों की तैनाती कर दिन रात नदी के बेग पर नजर रखी जा रही है| कर्मियों को निर्देशित किया गया है कि वे बारिश होने पर प्रति घंटे एवं सामान्य मौसम होने पर चार-चार घंटे के अंतराल जलस्तर का रिपोर्ट अमवार स्थित कंट्रोल रूम को करते रहेंगे| जिससे समय रहते मुख्य बाँध के इर्द गिर्द सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के साथ ही अनावश्यक क्षति से बचा जा सके|
लगातार बारिश व बाढ़ की स्थिति को देखते हुए, बार्डर के गांवों में सतर्कता बढ़ा दी गयी है। नदी में अचानक जल बृद्धि से बैरखड़ हरपुरा को जोड़ने वाला रपटा भी बह गया।जिससे उन गांवों का तहसील मुख्यालय से सार्टकट संपर्क टूट गया है।वहीं दूसरी ओर ग्रामीण जान जोखिम में डालकर, नदी में पहाड़ी क्षेत्रों से बहकर आने वाली लकड़ियों को छानने में मशगूल रहे।



