असम में पीएम मोदी का बड़ा ऐलान और कांग्रेस पर तीखा प्रहार, जानिए क्या कहा प्रधानमंत्री ने
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने असम दौरे के दौरान कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए उसे राष्ट्रहित के खिलाफ और तुष्टीकरण की राजनीति करने वाला बताया। उन्होंने 5450 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया तथा पूर्वोत्तर के पहले राजमार्ग आधारित आपातकालीन लैंडिंग रनवे का उद्घाटन किया। पीएम मोदी ने असम में भाजपा की डबल इंजन सरकार के विकास कार्यों को गिनाया और कार्यकर्ताओं से आगामी विधानसभा चुनाव में जीत सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
गुवाहाटी : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कांग्रेस पार्टी को भारत का बुरा चाहने वाली और आतंकी सोच रखने वालों के साथ चलने वाली पार्टी बताते हुए उसकी तीखी आलोचना की और कहा कि यह भारत को एक राष्ट्र मानने से इनकार करती है, इससे राष्ट्र के भले की उम्मीद नहीं की जा सकती।उन्होंने कहा कि जो पार्टी देश को एक राष्ट्र मानने से परहेज करे, माँ भारती के प्रति सम्मान न दिखाए वह देश का भला नहीं कर सकती। वह विधानसभा चुनावों के मूड में चल रहे असम के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) कार्यकर्ताओं की एक सभा को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने विपक्षी दल पर असम में केवल तुष्टीकरण और वोट बैंक की राजनीति करते तथा विकास और शांति की उपेक्षा करने के भी आरोप लगाये।प्रधानमंत्री ने भाजपा कार्यकर्ताओं को इस अवसर पर पुलवामा (कश्मीर) आतंकवादी हमले की बरसी की याद दिलाते हुए उस हमले में जान गंवाने वाले जवानों को नमन किया। उन्होंने कहा कि पुलवामा के बाद भारत ने जिस तरह आतंकवादियों के खिलाफ कार्रवाई की उसे दुनिया ने देखा है। कुछ लोग भारत की कार्रवाई से आज भी कांप रहे हैं। मॉं भारती की शक्ति को आप ने ऑपरेशन सिंदूर में भी देखा।प्रधानमंत्री ने इसी संदर्भ में राष्ट्र और आतंकवाद के प्रति कांग्रेस की कथित कमजोरियों का जिक्र किया और सवाल किया, ‘क्या कांग्रेस में देश हित के लिए इस तरह के फैसले करने की ताकत है?’ उन्होंने कहा कि कांग्रेस ऐसे मौकों पर ज्यादा से ज्यादा एक बयान दे सकती है।’
श्री मोदी ने कहा, ‘ जो कांग्रेस भारत को राष्ट्र मानने से भी इनकार करती हो…जो सवाल करते हैं कि मां भारती क्या होती है, जो मॉं भारती के प्रति जरा सा सम्मान नहीं दिखाते… वह कांग्रेस कभी भारत का भला नहीं कर सकती।”उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने देश की सुरक्षा को प्राथमिकता नहीं दी, उसके समय में पूरा पूर्वोत्तर डर और असुरक्षा में जीता रहा। कांग्रेस ने सुरक्षा के लिए कुछ खरीदा तो , उसमें भी घोटाले किये गये। प्रधानमंत्री ने सीमावर्ती क्षेत्र में सुरक्षा और विकास की दृष्टि से सड़कों , सुरंगों हवाई पट्टियों और अन्य सुविधाओं के विकास के लिए अपनी सरकार की प्राथमिकताओं का उल्लेख किया और कहा कि भारत सीमाओं की सुरक्षा बढ़ा रहा है।
उन्होंने कहा , ‘यह सब देख कर कांग्रेस बौखलाई हुई है, उसे लगता है मोदी यह सब कैसे कर लेता है। उसे रात में नींद नहीं आती और वह दिन में कुछ भी बोले जा रही है। आज कांग्रेस हर उस विचारधारा के साथ है जो भारत का बुरा चाहते हैं , जो भारत को टुकड़े टुकड़े करने का नारा लगाते हैं, जो पूर्वोत्तर को भारत से अलग करना चाहते हैं, उन्हें कांग्रेस अपने कंधे पर पर बिठाती है।’श्री मोदी ने कहा, ‘ कांग्रेस एमएमसी (माओवादी मुस्लिम लीग) बन गयी है।’ उन्होंने अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं को यह संदेश असम की जनता (मतदाताओं ) तक पहुंचाने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि असम के विकास में महान नदी ब्रह्मपुत्र की बड़ी भूमिका है पर कांग्रेस के 70 साल के शासन में इस नदी पर केवल तीन पुल बनाये गये थे जबकि 2014 में भाजपा के नेतृत्व में केंद्र में बनी उनकी सरकार और उसके बाद राज्य में ‘डबल इंजन सरकार’ बनाने के बाद से 10-11 साल में पांच नये पुलों का निर्माण किया गया है। उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस ने असम को समस्यायें दी, भाजपा समाधान दिये हैं।’इससे पहले प्रधानमंत्री ने इस सभा से पहले एक कार्यक्रम में राज्य में 5450 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। उन्होंने कहा , ‘हमने ब्रह्मपुत्र नदी में क्रूज पर विद्यार्थियों से चर्चा की थी। आने वाले समय में ब्रह्मपुत्र पर ऐसे ही रिवर टूरिज्म को और बढ़ाया जाएगा।’
उन्होंने कहा , ‘ इस बार के केंद्रीय बजट में पूवोत्तर में सम्पर्क सुविधाओं को और अधिक मजबूती देने का काम किया गया है।कनेक्टिविटी बढ़ती है, तो रोजगार के अवसर भी बढ़ते हैं। इसलिए असम हाइवे और अन्य रोड प्रोजेक्ट्स के लिए करीब हजारों करोड़ रुपये देना तय हुआ है।उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को अपना अपना बूथ संभालने और भाजपा को राज्य विधान सभा के चुनाव में फिर विजयी बनवाने का आह्वान करते हुए कहा, ‘असम में फिर से भाजपा की जीत को जरूरी बताते हुए कहा कि यह भी कहा कि कांग्रेस असम की असली पहचान को मिटाना चाहती है।आने वाले 5 साल असम के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं। इस दौरान ऐसे अनेक प्रोजेक्ट पूरे होने वाले हैं, जो असम की आर्थिक वृद्धि को नए पंख लगाएंगे।इसलिए, यहां डबल इंजन की भाजपा सरकार फिर एक बार बहुत जरूरी है।’
उन्होंने कहा, ’10 वर्ष सत्ता से बाहर रहने की वजह से कांग्रेस और ज्यादा जहरीली हो गई है। कांग्रेस असम को फिर से अशांति और अराजकता में झोंकना चाहती है। कांग्रेस…असम को घुसपैठियों के हवाले करना चाहती है।”श्री मोदी ने अपनी सरकार के कार्यकाल में पूर्वोत्तर में शांति कायम करने में सफलता का उल्लेख किया और कहा, ‘पहली बार असम में बोडो, कार्बी, आदिवासी, डीएनएलएस, उल्फा जैसे हर संगठन से जुड़े साथियों ने बंदूक छोड़कर देश के संविधान का रास्ता चुना है। शांति और विकास की राह पकड़ी है।’कांग्रेस पर पूर्वोत्तर में केवल तुष्टीकरण की नीति अपनाने और वोट बैंक पर ध्यान देने का अरोप लगाते हुए श्री मोदी ने कहा कि भाजपा और राजग की सरकार असम में शांति बहाली और तेज विकास का संकल्प लेकर चल रही है।
इसलिए, जो असम कभी बम-धमाकों से गूंजता था, उसी असम में अब शांति की स्थापना हो रही है। जिस असम में हर साल औसतन 1 हजार से ज्यादा लोग हिंसा में मारे जाते थे, आज वहां हिंसा की घटनाएं बंद हो रही हैं।’
मोदी ने असम में पूर्वोत्तर के पहले राजमार्ग आधारित आपातकालीन लैंडिंग रनवे का किया उद्घाटन
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को असम के डिब्रूगढ़ जिले के मोरन में पूर्वोत्तर के पहले राजमार्ग आधारित आपातकालीन लैंडिंग रनवे (ईएलएफ) का उद्घाटन किया। यह भारत के रक्षा अवसंरचना और संचालन तैयारियों की कड़ी में एक बड़ा कदम है।भारतीय वायु सेना (आईएएफ ) के सी-130जे हरक्यूलिस विमान से नये बने आपातकालीन रनवे पर पहुंचने पर प्रधानमंत्री का स्वागत राज्य के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा, केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अन्य वरिष्ठ नेताओं ने किया।
इस दौरान श्री मुख्यमंत्री सरमा ने श्री मोदी को असमिया गमछा और जापी दी, जबकि एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह ने उन्हें एक यादगार तोहफा दिया।इस समारोह में सुखोई 30 एमकेआई, राफेल लड़ाकू विमान और देश में बने उन्नत छोटे हेलीकॉप्टर (एएलएच) समेत आईएएफ के लड़ाकू विमानों ने हैरतअंगेज करतब दिखाये। सुखोई 30 एमकेआई और राफेल दोनों ही राजमार्ग पर सफलतापूर्वक उतरे। इस दौरान वहां मौजूद लोगों ने जालियां बजाकर पायलटों की हौसला आफजाई की।पूर्वोत्तर में अपनी तरह की पहली मोरन केंद्र से आईएएफ की संचालन गतिविधियां बढ़ने की उम्मीद है, खासकर रणनीतिक रूप से संवेदनशील इलाकों में।
इस केंद्र का उद्घाटन करने के बाद, प्रधानमंत्री गुवाहाटी के लिए रवाना हुए, जहां वह ब्रह्मपुत्र नदी पर बने एक नये पुल का उद्घाटन करेंगे, जो गुवाहाटी और उत्तर गुवाहाटी को जोड़ता है। वह असम के पहले भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम ) परिसर और शहर में एक नेशनल डेटा सेंटर का भी उद्घाटन करेंगे। इसके बाद श्री मोदी गुवाहाटी के खानापारा में पशु चिकित्सा महाविद्यालय मैदान में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बूथ-स्तरीय कार्यकर्ताओं को संबाेधित करने की संभावना है।(वार्ता)
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