
वाराणसी। विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) शैलेन्द्र सिंह की अदालत ने अप्राकृतिक दुष्कर्म के मामले में अभियुक्त अमित कुमार जायसवाल को दस साल की सजा और 24 हजार जुर्माना की सजा सुनाई। जुर्माना की आधी राशि पीड़िता को दिए जाने का आदेश दिया।
विशेष लोक अभियोजक संदीप कुमार जायसवाल व वादी के अधिवक्ता गोपाल कृष्ण व पंकज श्रीवास्तव की दलील थी कि अभियुक्त वादी की आठ वर्षीय पुत्री को गोद में उठाकर उसे एक कमरे में ले गया और उसके साथ छेड़छाड़ और अप्राकृतिक कृत्य किया। यह अपराध तब किया गया, जब पीड़िता एक भंडारे के आयोजन से लौट रही थी। घटना की प्राथमिकी 25 जनवरी 2015 को दर्ज कराई गई थी। पीड़िता के चिल्लाने पर लोगों ने अभियुक्त को मौके पर पकड़ लिया और उसे पुलिस के हवाले कर दिया।



