देवभूमि द्वारका : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को कहा कि जलमग्न द्वारका शहर में प्रार्थना करना बहुत ही दिव्य अनुभव था।श्री मोदी ने आज ‘एक्स’ पर कहा, “जलमग्न द्वारका शहर में प्रार्थना करना, एक बहुत ही दिव्य अनुभव था। मुझे आध्यात्मिक वैभव और शाश्वत भक्ति के एक प्राचीन युग से जुड़ाव महसूस हुआ। भगवान श्री कृष्ण हम सभी को आशीर्वाद दें।
”प्रधानमंत्री आज गहरे समुद्र में और उस स्थल पर प्रार्थना की जहां जलमग्न द्वारका नगरी है। उन्होंने कहा कि यह अनुभव भारत की आध्यात्मिक और ऐतिहासिक जड़ों के साथ एक दुर्लभ और गहन संबंध की प्रस्तुति थी।प्रधानमंत्री ने द्वारका नगरी में श्रद्धा-सुमन अर्पित किए और कहा कि द्वारका एक ऐसी नगरी रही है जो अपनी समृद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत के साथ कल्पनाओं को सम्मोहित करती है। उन्होंने जल के अंदर श्रद्धा स्वरूप मोर-पंख भी अर्पित किये।
मोदी ने जगत मंदिर में की पूजा-अर्चना
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुजरात के द्वारका में रविवार को भगवान श्री द्वारकाधीश के जगत मंदिर में पूजा-अर्चना की।श्री मोदी का स्वागत करने के लिए आज जगत मंदिर को फूलों से सजाया गया था। उन्होंने द्वारकाधीश मंदिर में भगवान श्री द्वारकाधीश के चरणों में शीश नवाया और मंदिर में दर्शानार्थियों-श्रद्धालुओं का अभिवादन स्वीकार किया। मंदिर के पुजारी ने शास्त्रोक्त विधि पूर्वक उन्हें पादुका पूजन कराया।प्रधानमंत्री आज शारदा पीठ भी गए और शारदा पीठाधीश्वर जगदगुरु शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती महाराज का आशीर्वाद प्राप्त किया। जहां उनका स्वागत किया गया।
बाद में वह पवित्र गोमती नदी के घाट पर पहुंचे और वहां उन्होंने सुदामा सेतु का भी दौरा किया।श्री मोदी के मंदिर पहुंचने पर मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, सांसद और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सी.आर. पाटिल, गृह राज्य मंत्री हर्ष संघवी, मुख्य सचिव राज कुमार, जिला पंचायत के नथुभाई चावड़ा, जगाभाई चावड़ा, लूणाभा सुमणिया, जेके हाथिया, वनराजभा माणेक, संजयभाई नकुम, प्रतापभाई पिंडारिया, राजूभाई सरसिया, करशनभाई जोड, धीरुभाई और मेघजीभाई पिपरोतर आदि गणमान्य लोगों ने उनका स्वागत किया।(वार्ता)
प्रधानमंत्री ने गुजरात में ओखा मुख्य भूमि और बेट द्वारका द्वीप को जोड़ने वाले सुदर्शन सेतु का उद्घाटन किया
धानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज ओखा मुख्य भूमि और बेट द्वारका द्वीप को जोड़ने वाले सुदर्शन सेतु का उद्घाटन किया, जिसे लगभग 980 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया है। लगभग 2.32 किलोमीटर लंबा यह सेतु का देश का सबसे लंबा केबल-आधारित सेतु है।
प्रधानमंत्री ने एक्स पर पोस्ट किया:
“ओखा मुख्य भूमि और बेट द्वारका द्वीप को जोड़ने वाला सुदर्शन सेतु लगभग 980 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया है। लगभग 2.32 किलोमीटर लंबा यह सेतु का देश का सबसे लंबा केबल-आधारित सेतु है।
To pray in the city of Dwarka, which is immersed in the waters, was a very divine experience. I felt connected to an ancient era of spiritual grandeur and timeless devotion. May Bhagwan Shri Krishna bless us all. pic.twitter.com/yUO9DJnYWo
— Narendra Modi (@narendramodi) February 25, 2024
Prayed at the Dwarkadhish Temple in Beyt Dwarka. pic.twitter.com/Or5PGV5xHU
— Narendra Modi (@narendramodi) February 25, 2024
Delighted to inaugurate Sudarshan Setu today – a bridge that connects lands and people. It stands vibrantly as a testament of our commitment to development and progress. pic.twitter.com/G2eZEsa7EY
— Narendra Modi (@narendramodi) February 25, 2024



