
संकल्प अन्नक्षेत्र सेवा: संकटमोचन को भोग अर्पित कर सैकड़ों जरूरतमंदों में प्रसाद वितरण
निरंतर सेवा संकल्प के तहत संकल्प संस्था द्वारा संचालित संकल्प अन्नक्षेत्र के माध्यम से वर्ष के अंतिम शनिवार को श्री संकटमोचन हनुमान जी को भोग अर्पित कर चौक क्षेत्र में खिचड़ी प्रसाद, फल एवं मिष्ठान्न का वितरण किया गया। ठंड के मौसम में वितरित गर्म प्रसाद राहगीरों, श्रमिकों और वृद्धजनों के लिए विशेष राहत बना। कार्यक्रम में समाजसेवियों और संस्था सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही।
वाराणसी । निरंतर सेवा-संकल्प की भावना को साकार करते हुए संकल्प संस्था द्वारा संचालित संकल्प अन्नक्षेत्र के माध्यम से वर्ष के अंतिम शनिवार को एक प्रेरणादायी सेवा कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर श्री संकटमोचन हनुमान जी को श्रद्धाभाव से भोग अर्पित कर, चौक क्षेत्र स्थित कन्हैयालाल गुलालचंद सर्राफ के सामने सैकड़ों राहगीरों, श्रमिकों एवं श्रद्धालुओं के बीच खिचड़ी प्रसाद के साथ फल एवं मिष्ठान्न का वितरण किया गया।
प्रातःकाल से ही सेवा स्थल पर श्रद्धालुओं और जरूरतमंदों की उपस्थिति बनी रही। शीतलहर के बीच वितरित की गई गर्म खिचड़ी न केवल पेट भरने का साधन बनी, बल्कि मानवीय संवेदना का स्पर्श भी लेकर आई। विशेषकर वृद्धजनों और दिहाड़ी श्रमिकों के चेहरों पर संतोष, कृतज्ञता और आत्मीयता के भाव स्पष्ट दिखाई दिए। कई लोगों ने इसे ठंड के मौसम में मिली “ईश्वर की कृपा” के रूप में अनुभव किया।
संस्था के संरक्षक अनिल कुमार जैन ने कार्यक्रम की भावना पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संकल्प संस्था का उद्देश्य यही है कि मंदिरों में अर्पित भोग पूजा तक सीमित न रहकर, श्रद्धा और सेवा के सेतु से होकर समाज के अंतिम व्यक्ति तक सम्मानपूर्वक पहुंचे। उन्होंने कहा कि जब दर्शन, भक्ति और सेवा-तीनों का समन्वय होता है, तभी सच्ची सामाजिक साधना पूर्ण होती है।
कार्यक्रम के सुव्यवस्थित एवं गरिमामय आयोजन में मनोज जैन एवं श्रीमती मृदुला अग्रवाल का विशेष योगदान उल्लेखनीय रहा। सेवा व्यवस्था, प्रसाद वितरण और अनुशासनपूर्ण संचालन के लिए स्वयंसेवकों ने समर्पण भाव से जिम्मेदारियां निभाईं, जिससे कार्यक्रम शांतिपूर्ण और प्रभावशाली ढंग से संपन्न हुआ।
इस अवसर पर संरक्षक अनिल कुमार जैन के साथ गिरधर दास अग्रवाल (मद्रास क्लॉथ सेंटर), संतोष अग्रवाल (कर्णघंटा), संजय अग्रवाल (गिरिराज), राजेंद्र अग्रवाल (माड़ी वाले), बल्लभ रस्तोगी, अशोक सेठ, अमित श्रीवास्तव, भइयालाल, मनीष सहित संस्था के सदस्य एवं अनेक स्थानीय समाजसेवी उपस्थित रहे। सभी ने सेवा को निरंतर बनाए रखने और आने वाले समय में इसके विस्तार का संकल्प दोहराया।
संपूर्ण कार्यक्रम ने यह संदेश स्पष्ट किया कि आस्था जब सेवा का रूप लेती है, तो समाज में करुणा, समानता और मानवीय गरिमा का दीपक प्रज्वलित होता है। संकल्प संस्था की यह पहल न केवल जरूरतमंदों के लिए सहारा बनी, बल्कि वाराणसी की सामाजिक चेतना को भी नई ऊर्जा प्रदान करने वाली सिद्ध हुई।
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