Health

अभियान में पल्मोनरी टीबी के 5381 और एक्स्ट्रा पल्मोनरी के 6214 टीबी रोगी ढूंढे़ गए

  • योगी सरकार ने टीबी के खात्मे को चलाया अभियान, 11,595 टीबी रोगी चिन्हित
  • योगी सरकार ने नौ से 20 सितंबर के बीच प्रदेश भर में चलाया सक्रिय टीबी रोगी खोजी अभियान

लखनऊ : योगी सरकार प्रदेश को वर्ष 2025 तक टीबी मुक्त करने के लिए युद्धस्तर पर काम कर रही है। ऐसे में प्रदेश भर में टीबी को लेकर जागरुकता फैलाने और मरीजों की स्क्रीनिंग का काम लगातार चल रहा है। इसी के तहत राष्ट्रीय क्षय (टीबी) उन्मूलन कार्यक्रम (एनटीईपी) के जरिये प्रदेश में नौ से 20 सितंबर तक सक्रिय टीबी रोगी खोजी (एसीएफ) अभियान चला गया। इसके जरिये प्रदेश भर में कुल 11,595 टीबी रोगियों की पहचान की गयी, जिनमें से 11,571 टीबी मरीजों का नोटिफिकेशन करते हुए इलाज शुरू कर किया गया।

घर-घर जाकर स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने की टीबी की जांच

राज्य क्षय रोग अधिकारी डाॅ. शैलेन्द्र भटनागर ने बताया कि सीएम योगी की मंशा के अनुरुप टीबी को जड़ से खत्म करने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में एसीएफ के दौरान प्रदेश की 20 फीसद आबादी के घर-घर जाकर स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने टीबी के संभावित लक्षण वाले लोगों की स्क्रीनिंग की। इसमें से टीबी के संभावित लक्षण वाले 4.50 लाख लोग मिले। वहीं 4.38 लाख लोगों में टीबी की जांच की पुष्टि के लिए बलगम की जांच और एक्सरे करवाया गया। इस दौरान कुल 11,595 लोगों में टीबी रोग की पुष्टि हुयी। इनमें से 5,381 लोग पल्मोनरी और 6314 लोग एक्स्ट्रा पल्मोनरी टीबी से ग्रसित मिले। इनमें से 11,571 टीबी मरीजों की डायबिटीज, एचआईवी और दवाओं के प्रति संवेदनशीलता की जांच करते हुए उनका विवरण निक्षय पोर्टल पर चढ़ाया गया और इलाज शुरू किया गया।

खादान, स्टोन क्रशर और साप्ताहिक बाजार में चलाया गया अभियान

प्रदेश में एसीएफ के तहत सर्वाधिक टीबी मरीज कुशी नगर में 1,104 मिले हैं। इसके आलावा गोरखपुर में 414, एटा में 379, लखनऊ में 345, मेरठ में 303, महराजगंज में 272, गोंडा में 271, प्रयागराज में 262 और शाहजहांपुर में 225 टीबी मरीज मिले हैं। यह अभियान ग्रामीण आबादी सहित शहरी क्षेत्रों जैसे अनाथालयों, खादानों, स्टोन क्रशर, साप्ताहिक बाजारों, मदरसा, वृद्धाश्रम, सब्जी मंडियों, कारागार, मदरसा और मलिन बस्तियों में चला।

ये हैं टीबी के लक्षण

दो हफ्ते से ज्यादा खांसी और बुखार आना
बलगम में खून आना
भूख न लगना
वजन का लगातार कम होना
रात में पसीना आना
गले में गांठ होना
महिलाओं में बांझपन की समस्या

समाज को बांटने वालों में रावण-दुर्योधन का डीएनए : मुख्यमंत्री

BABA GANINATH BHAKT MANDAL  BABA GANINATH BHAKT MANDAL

Related Articles

Back to top button