
गंगटोक : सिक्किम के लाचुंग में खराब मौसम की वजह से 12 जून से फंसे पर्यटकों के आखिरी जत्थे को सफलतापूर्वक निकाल लिया गया है।अधिकारियों ने गुरुवार को यह जानकारी दी।उन्होंने बताया कि देश के विभिन्न हिस्सों से लाचुंग पहुंचे कुल 1,447 पर्यटकों को तीन दिनों के अंतराल के बाद बुधवार शाम तक निकाल लिया गया है। वे 12 जून से बारिश और भूस्खलन के बाद ऊपरी क्षेत्र में फंस गए थे।यह अभियान भारतीय सेना, सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) , सिक्किम पुलिस, राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन मोचन (एनडीआरएफ), डीएमजी, स्थानीय लोगों और पर्यटन उद्योग के अन्य हितधारकों द्वारा संयुक्त रूप से चलाया गया।
सूर्यास्त से पहले चुंगथांग से तुंग-मंगन के रास्ते सड़क मार्ग से तीन गंभीर रूप से बीमार मरीजों सहित कुल 158 पर्यटकों को सुरक्षित निकाला गया।मीडिया विज्ञप्ति में कहा गया है, ‘चुंगथांग और मंगन के उत्तरी क्षेत्रों से फंसे पर्यटकों को निकालने के तीसरे और अंतिम दिन बुधवार को 158 पर्यटकों को सुरक्षित बचा लिया गया।’जिला मजिस्ट्रेट हेम कुमार छेत्री के निर्देश पर, अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट मंगन विशु लामा, एसपी मंगन सोनम देचू भूटिया, बीडीओ मंगन कैलाश थापा के साथ-साथ सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ-साथ बीआरओ, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, स्थानीय पंचायतों और स्वयंसेवकों ने पर्यटकों को सुरक्षित और सावधानी से स्लाइड पार करने में मदद करने के लिए अपने प्रयास और समन्वय जारी रखा।
अंतिम निकासी में पर्यटन विभाग, मोटर वाहन प्रभाग, पुलिस विभाग, जीआरईएफ, बीआरओ, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, ट्रैवल एजेंट्स एसोसिएशन ऑफ सिक्किम (टीएएएस), स्थानीय पंचायतों और स्वयंसेवकों ने भाग लिया।सुरक्षित निकले पर्यटकों ने राज्य सरकार, प्रशासन, बीआरओ, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय लोगों के प्रति उनकी देखभाल करने और उन्हें सुरक्षित निकालने के लिए आभार व्यक्त किया। (वार्ता)



