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नेताजी की जयंती पर सीएम योगी का नमन, लखनऊ में गूंजा देशभक्ति का स्वर

नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर लखनऊ में श्रद्धा और सम्मान के साथ कार्यक्रम आयोजित हुआ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हजरतगंज स्थित नेताजी सुभाष चौक पर उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर नमन किया। सीएम योगी ने नेताजी के साहस, आज़ाद हिंद फ़ौज और ऐतिहासिक नारों को स्मरण करते हुए युवाओं से राष्ट्र सेवा की प्रेरणा लेने का आह्वान किया। कार्यक्रम में देशभक्ति और श्रद्धा का माहौल देखने को मिला।

लखनऊ। स्वाधीनता संग्राम के महानायक, आज़ाद हिंद फ़ौज के संस्थापक और देश की आज़ादी की लड़ाई को निर्णायक मोड़ देने वाले नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती शुक्रवार को राजधानी लखनऊ में पूरे सम्मान, श्रद्धा और देशभक्ति के वातावरण में मनाई गई। इस अवसर पर हजरतगंज स्थित नेताजी सुभाष चौक पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नेताजी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और उनके अमूल्य योगदान को श्रद्धापूर्वक स्मरण किया।

नेताजी के साहस और नेतृत्व को किया नमन

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस क्रांतिकारियों के सिरमौर थे, जिन्होंने भारत की स्वतंत्रता की लड़ाई को नई दिशा और नई ऊर्जा दी। उन्होंने कहा कि नेताजी का विराट व्यक्तित्व, अदम्य साहस और राष्ट्र के प्रति उनका अटूट समर्पण आज भी प्रत्येक भारतीय को प्रेरित करता है।

सीएम योगी ने कहा कि नेताजी का उद्घोष – “तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आज़ादी दूंगा” – केवल एक नारा नहीं था, बल्कि यह आज़ादी के आंदोलन का मंत्र बन गया था। इसी प्रकार “दिल्ली चलो” का आह्वान देशवासियों में जोश, साहस और आत्मबल भरने वाला सिद्ध हुआ, जिसने लाखों युवाओं को स्वतंत्रता संग्राम से जोड़ने का कार्य किया।

देश-विदेश में भारत की आज़ादी के लिए संघर्ष

मुख्यमंत्री ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का योगदान केवल भारत की सीमाओं तक सीमित नहीं रहा। उन्होंने जर्मनी, जापान सहित कई देशों में जाकर भारत की आज़ादी के लिए अंतरराष्ट्रीय समर्थन जुटाया और आज़ाद हिंद फ़ौज के माध्यम से संगठित संघर्ष को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। उनका नेतृत्व यह दर्शाता है कि भारत की आज़ादी एक वैश्विक स्तर पर लड़ी गई लड़ाई थी, जिसमें नेताजी की भूमिका ऐतिहासिक रही।

आज़ाद हिंद फ़ौज और प्रेरणास्रोत नारे

मुख्यमंत्री ने कहा कि नेताजी द्वारा गठित आज़ाद हिंद फ़ौज ने भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में एक नया अध्याय जोड़ा। उनके द्वारा दिया गया नारा “दिल्ली चलो” आज भी देशभक्ति, साहस और बलिदान का प्रतीक माना जाता है। नेताजी के शब्दों ने न केवल उस दौर में, बल्कि आज भी देशवासियों के भीतर राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना को मजबूत किया है।

भारतीय सेना में आज भी गूंजता नेताजी का गीत

सीएम योगी ने कहा कि नेताजी से जुड़ा प्रसिद्ध गीत – “कदम कदम बढ़ाए जा, खुशी के गीत गाए जा” – आज भी भारतीय सेना के रिक्रूट और कमीशंड अधिकारी अपने दीक्षांत समारोह में गर्व के साथ गाते हैं। यह गीत आज भी भारतीय सैनिकों में देशभक्ति, अनुशासन और साहस की भावना को प्रबल करता है। यह नेताजी की विचारधारा और राष्ट्रप्रेम की जीवंत विरासत का प्रतीक है।

हर भारतीय के लिए प्रेरणा का स्रोत

मुख्यमंत्री ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का नाम लेते ही हर भारतीय के मन में श्रद्धा, सम्मान, ओज और तेज का भाव स्वतः उत्पन्न हो जाता है। उनका जीवन यह सिखाता है कि चाहे परिस्थितियां कितनी भी कठिन क्यों न हों, देश की स्वतंत्रता, स्वाभिमान और अखंडता के सामने किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता।

देशविरोधी ताकतों के सामने न झुकने का संकल्प

सीएम योगी ने कहा कि नेताजी का जीवन आज भी यह संदेश देता है कि भारत को कमजोर करने वाली या देशविरोधी ताकतों के सामने कभी झुकना नहीं चाहिए। उनका दृढ़ संकल्प, राष्ट्र के प्रति समर्पण और बलिदान की भावना आज भी देश की युवा पीढ़ी के लिए मार्गदर्शक है।

राजधानी में श्रद्धा और देशभक्ति का माहौल

नेताजी की जयंती के अवसर पर राजधानी लखनऊ में देशभक्ति का विशेष वातावरण देखने को मिला। विभिन्न सामाजिक, शैक्षणिक और देशभक्ति संगठनों द्वारा नेताजी के जीवन और योगदान पर कार्यक्रम आयोजित किए गए। लोगों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम के समापन पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे नेताजी सुभाष चंद्र बोस के आदर्शों, साहस और राष्ट्रभक्ति से प्रेरणा लेकर विकसित भारत के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि नेताजी का जीवन आज भी हर भारतीय को राष्ट्र के लिए समर्पित होकर कार्य करने की प्रेरणा देता है।

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