
बनारस में कोरोना का फिर हुआ बड़ा विस्फोट, मिले 1520 संक्रमित
जिले में सक्रिय केस 7 हजार के करीब, एक की फिर हुई अकाल मौत
वाराणसी। वैश्विक महामारी कोरोना का आज काशी में ऐसा बम फूटा की लोग दंग रह गए। शाम की रिपोर्ट आई तो उसमें रिकार्डतोड़ 1520 लोग संक्रमित मिल गये। अबतक एक दिन में इतनी भारी संख्या में मरीजों के मिलने की घटना आज से पहले कभी नहीं हुई थी। काशी में आज सक्रिय मरीजों की संख्या अचानक 7 हजार के करीब चली गई। लगभग 25 गुना तेजी से फैल रहे कोरोना के कारण चहुँओर हाहाकारी माहौल दिख रहा तो अब भी सड़को पर अनगिनत लोग बिना मास्क के बेख़ौफ़ घूम रहे है।काशी में जिस तरह कोरोना का ताबड़तोड़ शतक लग रहा उससे आगे भी बड़ा खतरा बना हुआ है। इधर पंचायत चुनाव के चलते भी लोग गांव से शहर तक रोज दौड़ रहे है ऐसे में यदि यह संक्रमण गांव गांव फैला तो स्थिति बेहद विस्फोटक हो जाएगी।
अब शहर क्या गांव में भी ताबड़तोड़ मरीज मिल रहे। होली पर लोगों ने खूब लापरवाही बरती तो उसका खामियाजा अब सामने आ रहा है। पुलिस की कड़ाई के बावजूद अब भी तमाम लोग सड़क से बाजार तक बिना मास्क के बेख़ौफ़ घूम रहे। यह तय है कि कोरोना अब काशी में खतरनाक रूप में परिवर्तित हो चुका है। आज की रिपोर्ट के बाद प्रशासन के भी कान खड़े हो गए। कई डॉक्टरों संग मुख्य चिकित्सा अधिकारी के बाद दो वरिष्ठ अधिकारी भी संक्रमित हुए है। जिला जज समेत13न्यायिक अधिकारी भी कोरोना की चपेट में हैं।खुद डीएम साहब की तबियत नासाज बताई गई।
मुख्यमंत्री के बाद विशेष सचिव द्वारा कोविड नियमों का कड़ाई से पालन कराने के लिए कहा गया है। आज आई रिपोर्ट के बाद काशी में सक्रिय केस 6725 हो गए जो प्रशासन के लिए चिंता का सबब है। बीएचयू से कल शाम की रिपोर्ट में जो नए संक्रमित मरीज पाए गए थे उनमें कइयों की हालत बेहद खराब होने की जानकारी मिली। इस महामारी की चपेट में आकर काशी में 399 लोग जान गंवा चुके हैं। आज सुबह किसी की मौत की खबर नहीं थी परन्तु शाम को एक मौत की पुष्टि हुई। आंकड़ों के अनुसार पिछले माह जो सक्रिय केस की संख्या सिर्फ 30 थी वह 7 हजार के करीब चली जाने से सभी सरकारी व्यवस्था चरमराने का खतरा उतपन्न हो गया है। कोरोना की रफ्तार जिस तरह बढ़ रही उससे लोगों को स्वतः जागरूक होना पड़ेगा। दो गज की दूरी मास्क है जरूरी का पालन करिये वर्ना स्वयं के साथ आप परिवार एवं दूसरों के लिए भी परेशानी का सबब बन सकते हैं। जबतक लोग खुद इस महामारी की गम्भीरता नहीं समझेंगे केस बढ़ने से नहीं रोका जा सकता।



