
विदेशी संकेतों के दबाव में बाजार ध्वस्त, सेंसेक्स 1,048 अंक टूटा
विदेशी बाजारों से मिले कमजोर संकेतों के बीच घरेलू शेयर बाजार में शुक्रवार को भारी गिरावट दर्ज की गई। बीएसई सेंसेक्स 1,048 अंक गिरकर 82,626 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 336 अंक टूटकर 25,471 पर आ गया। आईटी, एफएमसीजी, धातु, रियल्टी और तेल-गैस समेत सभी प्रमुख सेक्टर लाल निशान में रहे। मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी तेज बिकवाली देखी गई। विशेषज्ञों के अनुसार वैश्विक अनिश्चितता और विदेशी निवेशकों की बिकवाली से बाजार पर दबाव बना हुआ है।
- लगातार दूसरे दिन गिरावट; आईटी, एफएमसीजी, धातु और रियल्टी शेयरों में बिकवाली तेज
मुंबई, । विदेशी बाजारों से मिले नकारात्मक संकेतों और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच घरेलू शेयर बाजारों में शुक्रवार को व्यापक बिकवाली देखी गई। बंबई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का सेंसेक्स 1,048.16 अंक यानी 1.25 प्रतिशत गिरकर 82,626.76 अंक पर बंद हुआ। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी-50 सूचकांक 336.10 अंक अथवा 1.30 प्रतिशत टूटकर 25,471.10 अंक पर आ गया। प्रमुख सूचकांक लगातार दूसरे सत्र में गिरावट के साथ बंद हुए और यह 2 फरवरी के बाद का उनका निचला स्तर है।
मिडकैप और स्मॉलकैप पर ज्यादा दबाव
बड़ी कंपनियों के साथ-साथ मझौली और छोटी कंपनियों में भी बिकवाली का दबाव अधिक रहा। निफ्टी मिडकैप-50 सूचकांक 1.69 प्रतिशत और स्मॉलकैप-100 सूचकांक 1.79 प्रतिशत लुढ़क गया, जिससे व्यापक बाजार धारणा कमजोर बनी रही।
सभी सेक्टर लाल निशान में
आईटी, एफएमसीजी, धातु, रियल्टी, टिकाऊ उपभोक्ता उत्पाद, तेल एवं गैस, स्वास्थ्य सेवा और रसायन समेत लगभग सभी क्षेत्रीय सूचकांक गिरावट के साथ बंद हुए। आईटी शेयरों में सुबह के कारोबार में तेज गिरावट रही, हालांकि सत्र के उत्तरार्ध में इनमें कुछ सुधार देखा गया।
प्रमुख शेयरों का प्रदर्शन
सेंसेक्स की 30 में से अधिकांश कंपनियां नुकसान में रहीं। बजाज फाइनेंस और भारतीय स्टेट बैंक को छोड़कर बाकी शेयरों में गिरावट रही। हिंदुस्तान यूनिलीवर और इटरनल के शेयर चार प्रतिशत से अधिक टूटे। टाटा स्टील, टाइटन, टीसीएस, पावरग्रिड और रिलायंस इंडस्ट्रीज में दो प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई।
बीईएल, एशियन पेंट्स, महिंद्रा एंड महिंद्रा, एचडीएफसी बैंक, अडानी पोर्ट्स, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, एनटीपीसी, इंफोसिस, आईटीसी, कोटक महिंद्रा बैंक, आईसीआईसीआई बैंक और इंडिगो में एक से दो प्रतिशत के बीच गिरावट रही। सन फार्मा, ट्रेंट, बजाज फिनसर्व, मारुति सुजुकी, भारती एयरटेल, एक्सिस बैंक, अल्ट्राटेक सीमेंट और एलएंडटी भी लाल निशान में बंद हुए।
वैश्विक बाजारों का असर
विश्लेषकों के अनुसार, वैश्विक बाजारों में कमजोरी, विदेशी निवेशकों की बिकवाली और कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव ने घरेलू बाजार की धारणा को प्रभावित किया। अन्य एशियाई बाजार भी गिरावट के साथ बंद हुए, जिससे निवेशकों की सतर्कता और बढ़ गई।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि निकट भविष्य में वैश्विक संकेतों और घरेलू आर्थिक आंकड़ों के आधार पर बाजार की दिशा तय होगी। निवेशकों को फिलहाल सतर्क रणनीति अपनाने की सलाह दी जा रही है। (वार्ता)
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