
नयी दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कार्तिक पूर्णिमा और देव दीपावली के शुभ अवसर पर देशवासियों को शुभकामनायें दी हैं।श्री मोदी ने कामना की है कि यह पवित्र त्योहार हर किसी के जीवन में एक नया उत्साह लेकर आये।प्रधानमंत्री ने सोसल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, “श्रद्धा, भक्ति और दैवीय उपासना की भारतीय परंपरा से प्रकाशित पावन पर्व कार्तिक पूर्णिमा एवं देव दीपावली की असीम शुभकामनाएं। मेरी कामना है कि यह पावन अवसर देशभर के मेरे परिवारजनों के जीवन में नई रौनक और स्फूर्ति लेकर आये।”
देव दीपावली के लिए काशी पहुंचे 70 देशों के राजदूत
वाराणसी में अर्धचंद्राकार घाटों पर सजने वाली दीपमाला के साक्षी बनने 70 देशों के राजदूत काशी पहुंच गए हैं। इनके साथ ही 150 विदेशी डेलीगेट्स भी आज देव दीपावली की छटा निहारेंगे। मेहमानों के स्वागत में एयरपोर्ट पर सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए।लोक कलाकारों ने विभिन्न स्थानों पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिये मेहमानों का स्वागत किया। बाबतपुर एयरपोर्ट से लेकर नदेसर और कैंटोनमेंट स्थित होटल और नमो घाट के अलावा सभी सार्वजनिक चौक चौराहों को झालरों से सजाया गया है।
अलकनंदा क्रूज लाइन के निदेशक विकास मालवीय ने बताया कि मेहमानों को विवेकानंद क्रूज से देव दीपावली और गंगा पार होने वाली आतिशबाजी का नजारा दिखाया जाएगा। उन्हें कुल्हड़ में चाट और चाय पिलाई जाएगी।वाराणसी कूटनीतिक रूप से भी एक महत्वपूर्ण शहर रहा है। इसने पहले G20 विकास मंत्रियों की बैठक और G20 संस्कृति मंत्रियों की बैठक की मेजबानी की है। पवित्र शहर को पहले एससीओ सांस्कृतिक शहर के रूप में भी नामित किया गया था।
काशी की धरती पर उतरेंगे देव, दीयों से रौशन हुआ सुरसरि तट
वाराणसी में आज देव धरती पर उतरेंगे, घाटों-मंदिरों पर दीए जलाकर उनका स्वागत किया जा रहा है। सुरसरि तट आज करीब 12 लाख से ज्यादा दीपों की माला से सजी है और गंगा पार रेती पर भी दीप शृंखला सैलानियों का मन मोह रही है।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नमो घाट पर पहला दीपक जलाकर विश्वविख्यात काशी की देव दीपावली का विधिवत उद्घाटन किया। देव दीपावली पर इस बार काशी से ”सभी सनातनी एक जाति एक पंथ” का संदेश पूरी दुनिया को जाएगा। दुनिया के 70 देशों के राजदूतों के सामने 84 घाटों पर होने वाले आयोजनों के जरिये एक भारत श्रेष्ठ भारत, आत्मनिर्भर भारत और सशक्त भारत का स्वरूप प्रदर्शित होगा।
वाराणसी में जैसे-जैसे शाम हुई शहर स्वर्ग सा नजर आने लगा। दोपहर से ही लोग घाटों पर जम गए देवों की दिवाली देखने। दीयों से घाट जगमगा उठे। उत्तरवाहिनी गंगा के तट पर 85 घाटों पर 12 लाख और जन सहभागिता से लगभग 21 लाख से अधिक दीप काशीवासी घाटों, कुंडों, तालाबों और सरोवरों पर जलाएंगे। पर्यटक गंगा पार रेती पर शिव के भजनों के साथ क्रैकर्स शो का भी आनंद ले सकेंगे। गंगा द्वार पर लेजर शो के माध्यम से श्री काशी विश्वनाथ धाम पर आधारित काशी का महत्व और कॉरिडोर के निर्माण संबंधित जानकारी लेजर शो के माध्यम से दिखाई जाएगी।देव दिवाली के लिए प्रदेश के मुखिया सीएम योगी आदित्यनाथ वाराणसी पहुंच चुके हैं।
विश्वविख्यात काशी की देव दीपावली का विधिवत उद्घाटन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नमो घाट से किया। यहां मुख्यमंत्री 70 देशों के राजदूत और विदेशी प्रतिनिधियों की मौजूदगी में पहला दीप जलाया। इसके बाद बाकी घाटों पर दीप प्रज्ज्वलन शुरू हुआ। यहां से मेहमानों के साथ वे क्रूज पर सवार होकर घाटों के अप्रतिम छटा निहारने के लिए निकलेंगे। करीब सवा छह बजे सीएम का क्रूज दशाश्वमेध घाट के सामने पहुंचेगा और मनमोहक गंगा आरती के साक्षी बनेंगे। वाराणसी के घाट और सड़कों पर जगह-जगह रंगोली नजर आ रही है। कहीं शिव मंत्र का जाप तो कहीं कथा हो रही है।
मोदी ने श्री गुरु नानक देव के प्रकाश-पर्व पर शुभकामना दी
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व के शुभ अवसर पर राष्ट्र को शुभकामनायें दीं।श्री मोदी ने सोसल मीडिया मंच एक्स पर कहा कि श्री गुरु नानक देव जी का दूसरों की सेवा करने और भाईचारा बढ़ाने का संदेश दुनिया भर के लाखों लोगों को शक्ति देता है। प्रधानमंत्री ने रविवार के अपने ‘मन की बात’ रेडियो कार्यक्रम की एक वीडियो क्लिप भी साझा की जिसमें उन्होंने श्री गुरु नानक देव जी को श्रद्धांजलि अर्पित की थी।प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा, “ श्री गुरु नानक देव जी के प्रकाश पर्व के शुभ अवसर पर शुभकामनायें। दूसरों की सेवा करने और भाईचारे को आगे बढ़ाने पर उनका जोर दुनिया भर के लाखों लोगों को ताकत देता है। कल मन की बात के दौरान भी मैंने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की थी। ”
गुरु नानक जयंती की शुभकामनाएं दी धनखड़ ने
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने देशवासियों को गुरु नानक जयंती की शुभकामनाएं दी है।श्री धनखड़ ने सोमवार को सोशल मीडिया पर जारी पोस्ट में कहा “गुरु नानक की शिक्षाएं मानवता के लिए हैं जो एकता, समानता, दयाभाव और निस्वार्थ सेवा पर बल देती हैं।उनका सहिष्णुता और असीमित सद्भाव का संदेश मानवता के लिए मार्गदर्शक है।(वार्ता)(वीएनएस)।



