
सिपाही के साथ ग्रामीणों का सुरेरी थाना पर घंटों विरोध प्रदर्शन
जौनपुर । एक पुलिस कर्मी की ही फरियाद सुरेरी थाने में नहीं सुनी गई और टालमटोल का रवैया अपनाया गया। मजबूरन पुलिस कर्मी को गांव वालों के सहयोग से अपने ही महकमे के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करना पड़ा। थानाध्यक्ष सुरेरी देवीवर शुक्ला ने ने इस सन्दर्भ में कहा कि मारपीट सहित चैन लूटने का आरोप पीड़ित द्वारा लगाया गया है, मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
मिली जानकारी के अनुसार सुरेरी थाना क्षेत्र के पट्टीकीरतराय गांव निवासी सुरेश यादव पुत्र स्वर्गीय अमर बहादुर सोनभद्र जिले के दुद्धी कोतवाली में सिपाही के पद पर कार्यरत हैं, वह छुट्टी पर घर आए हुए थे। आरोप है कि मंगलवार की शाम वह अपने चचेरे भाई नन्हकू के साथ सुल्तानपुर बाजार से सब्जी लेकर घर जा रहे थे कि रास्ते में पाँच की संख्या में खड़े मनबढ़ युवकों ने कहा सुनी के बाद उनके साथ जमकर मारपीट किया। इस दौरान किसी ने गले से चेन भी खींच लिया लिया।
घटना के बाद पीड़ित पुलिस कर्मी ने सुरेरी थाने पर पहुंचकर घटना की लिखित सूचना दी। सुरेरी पुलिस ने पहले तत्परता दिखाई और एक आरोपित को पकड़कर थाने पर ले आई। भुक्तभोगी का आरोप है कि हल्का दरोगा ने उक्त आरोपित को रात में ही छोड़ दिया और कार्रवाई के नाम पर झूठा आश्वासन देते रहे। बुधवार को जब सभी आरोपित खुलेआम टहलते रहे और पीड़ित को देख लेने की धमकी भी देते रहे तो नाराज होकर भुक्तभोगी के साथ तमाम ग्रामीण बुधवार की शाम सुरेरी थाने पर आ धमके और पुलिस के खिलाफ जमकर विरोध प्रदर्शन किया।
घंटो चले प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि हल्का उपनिरीक्षक आरोपितों को बचा रहे हैं और कोई कानूनी कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। जिसे लेकर भुक्तभोगी सहित ग्रामीणों में काफी आक्रोश दिखा। वही कुछ संभ्रांत लोगों के समझाने बुझाने व दोषियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई के आश्वासन के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए।



