National

केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावडेकर ने केंद्र सरकार के खिलाफ किए जा रहे दुष्प्रचार का किया खंडन

केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री प्रकाश जावडेकर ने एक निजी अखबार में लेख के जरिए कोविड प्रबंधन को लेकर केंद्र सरकार के ऊपर लगे आरोपों और दुष्प्रचार का खंडन किया है। उन्होंने ‘डिस्इंफॉर्मेशन क्राइसेस’ यानि कि ‘दुष्प्रचार संकट’ नाम के आलेख में इस बात का खंडन किया कि कोविड की पहली लहर के बाद केंद्र सरकार ने प्रबंधन की सारी जिम्मेदारी राज्यों पर छोड़ दी।

कोविड प्रबंधन में केंद्र सरकार शुरुआत से सक्रिय

उन्होंने कहा कि कोविड प्रबंधन में केंद्र सरकार शुरुआत से लगातार सक्रिय रही है। फरवरी 2020 से केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय संक्रणण की निगरानी कर रहा है। इसके साथ ही राज्यों की तैयारियों का मुल्यांकन कर रहा है और तकनीकी विशेषज्ञता प्रदान कर रहा है। इसके अलावा राज्य और जिला स्तरीय प्रतिक्रिया रणनीतियों के निर्माण की देखरेख भी की जा रही है।

75 से अधिक उच्च स्तरीय टीमों को विभिन्न राज्यों में किया तैनात

उन्होंने बताया कि सितंबर 2020 से केंद्र सरकार के अधिकारियों और सार्वजनिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों सहित 75 से अधिक उच्च स्तरीय टीमों को विभिन्न राज्यों में तैनात किया गया है। उनकी प्रतिक्रिया ने केंद्र और राज्यों के बीच सूचना विषमता को कम किया और राज्यों की तैयारियों और प्रतिक्रिया रणनीतियों के बीच के फासले की पहचान करने में मदद की। इसके अलावा उन्होंने जानकारी दी कि मार्च महीने में केंद्र सरकार ने अधिक संक्रमण दर वाले राज्यों की सक्रियता के साथ मॉनिटरिंग की और राज्यों को महत्वपूर्ण सुझाव दिए। अगर राज्य केंद्र के सुझाव पर तवरित कार्रवाई करते और फीडबैक को गंभीरता से लेते तो वर्तमान लहर इतनी खतरनाक नहीं होती।

विपक्षी पार्टियों पर राजनीति करने का आरोप

इस आलेख में केंद्रीय मंत्री ने विपक्षी पार्टियों पर भी राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब केंद्र सरकार कोविड को नियंत्रित करने का भरसक प्रयास कर रही थी तब महाराष्ट्र सरकार महावसूली रैकेट को छिपाने में व्यस्त थी। उन्होंने कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व खासकर राहुल गाँधी और प्रियंका गाँधी वाड्रा के व्यवहार पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री का टीके से जुड़ा रवैया और राज्य में लंबे समय तक अनुपस्थिति जगजाहिर है।

दुष्प्रचारों के बावजूद केंद्र सरकार महामारी प्रबंधन में लगातार जुटी रही

उन्होंने यह भी कहा कि कुछ राज्यों ने कोविड प्रबंधन के कथित प्रयासों के नाम पर जनता के करोड़ों रुपए विज्ञापन और प्रचार में पानी की तरह बहाये। अपने लेख में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि दुष्प्रचारों के बावजूद केंद्र सरकार महामारी प्रबंधन में लगातार जुटी रही। महामारी से निजात पाना और नागरिकों की जरूरतों को पूरा करना सरकार की प्राथमिकता है। हमें इस लड़ाई को एक राष्ट्र, एक लोग और एक मिशन के साथ लड़ना है।

Tags

Related Articles

Back to top button
Close
Close