दुर्गा प्रतिमा विसर्जन में नहीं होगी परेशानी, नगर आयुक्त ने घाटों और पोखरों की व्यवस्था पर दिए निर्देश
वाराणसी में नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने दुर्गा प्रतिमा विसर्जन की तैयारियों और अमृत 2.0 योजना के तहत चल रहे विकास कार्यों का निरीक्षण किया। संकुलधारा के कृत्रिम तालाब और अस्सी स्थित कुरुक्षेत्र पोखरे पर स्वच्छता, प्रकाश और सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए। वहीं, पांच वार्डों में ₹143.80 करोड़ की सीवर एवं पेयजल योजना की समीक्षा की। साकेत नगर पार्क में ओवरहेड टैंक का निर्माण जल्द शुरू कराने और खुदी सड़कों को चलने योग्य बनाने पर जोर दिया।
वाराणसी : दुर्गा पूजा के मद्देनजर शहर में मां दुर्गा की प्रतिमाओं के विसर्जन को लेकर प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं। इस क्रम में नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने सोमवार को विसर्जन व्यवस्था को पूरी तरह सुगम और व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण स्थलों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने संकुलधारा के समीप निर्मित कृत्रिम तालाब एवं अस्सी स्थित कुरुक्षेत्र पोखरे पर पहुंचकर तैयारियों का बारीकी से जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि सभी कार्य पूरी तरह समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण किए जाएं, ताकि दर्शन और विसर्जन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि धार्मिक स्थलों की स्वच्छता, सुंदरता और उनकी गरिमा पूरी तरह बरकरार रहनी चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को हिदायत दी कि लाइट (प्रकाश व्यवस्था) और तालाब तक पहुंचने वाले मार्ग का विशेष ध्यान रखा जाए, जिससे रात के समय भी श्रद्धालुओं का आवागमन सुरक्षित और सुगम हो सके। नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि प्रशासन की यह सर्वोच्च प्राथमिकता है कि लोक आस्था और परंपराओं का पूर्ण सम्मान करते हुए नागरिकों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित जनसुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। इस अवसर पर मुख्य अभियंता सुरेश चंद्र सहित, जेई सिविल व आलोक विभाग, एसएफआई सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे, जिन्हें मौके पर ही जरूरी सुधार और त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
साकेत नगर पार्क में होगा ओवरहेड टैंक का निर्माण
अमृत 2.0 कार्यक्रम के तहत शहर में बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने की कवायद तेज हो गई है। नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने मंगलवार को भेलूपुर, नरिया, दुर्गाकुंड, सराय नंदन एवं जोलहा उत्तरी वार्डों (क्लस्टर-4) के अंतर्गत चल रहे सीवर एवं गृह संयोजन कार्यों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को परखा और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। सीवर योजना के साथ-साथ पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में भी कदम उठाए गए हैं।
निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने इन्हीं वार्डों में पेयजल योजना के तहत बनने वाले शिरोपरि जलाशय (ओवरहेड टैंक) के लिए साकेत नगर पार्क का भी मुआयना किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि साकेत नगर में ओवरहेड टैंक का निर्माण कार्य यथाशीघ्र शुरू कराया जाए ताकि स्थानीय आबादी को जल्द से जल्द पेयजल आपूर्ति का पूरा लाभ मिल सके।

उप्र जल निगम (नगरीय) के निर्माण खंड-प्रथम की देखरेख में संचालित इस अनुबंधित योजना की कुल लागत 143.80 करोड़ रुपये है। योजना के तहत इन पांचों वार्डों में कुल 149.29 किलोमीटर लंबा सीवर नेटवर्क बिछाया जाना है, साथ ही 20,246 घरों को सीवर लाइन से जोड़ने (गृह संयोजन) का कार्य प्रस्तावित है। निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने नरिया वार्ड में एलन कोचिंग के पास 400 मिलीमीटर व्यास की सीवर लाइन के कार्यों का स्थलीय मुआयना किया। स्थल निरीक्षण में सीवर लाइन बिछाने के काम की गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई।
हालांकि, जनता को आवागमन में असुविधा न हो, इसके लिए नगर आयुक्त ने कड़े निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीवर लाइन डालने के लिए जिन सड़कों की खुदाई की गई है, उन्हें तत्काल मोटरेबल (चलने योग्य) बनाया जाए। सड़क के उचित कॉम्पेक्शन (दबाव और मजबूती) के लिए रोलर की अनिवार्य रूप से व्यवस्था की जाए और निर्माण कार्यों में केवल उच्च गुणवत्ता की सामग्री का ही इस्तेमाल हो। इस दौरान उनके साथ संबंधित वार्ड के पार्षद, जल निगम के अधिशासी अभियंता और अवर अभियंता (जूनियर इंजीनियर) भी मौजूद रहे।
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