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‘पुष्पक विमान’ और ‘राम दरबार’ के साथ ही मोहित करेगी रामायण थीम

अयोध्या में दसवें दीपोत्सव 2026 की तैयारियां भव्य रूप ले रही हैं। इस बार रामनगरी में श्रद्धालुओं को त्रेता युग की अद्भुत झलक देखने को मिलेगी। राम की पैड़ी पर 30 फीट लंबा पुष्पक विमान और विशाल राम दरबार तैयार किया जा रहा है। रामकथा पार्क में भव्य रामरथ आकर्षण का केंद्र बनेगा। सरयू नदी में रामायण थीम पर सजी नावें तैरेंगी। लाखों दीपों की रोशनी, सांस्कृतिक कार्यक्रम और दिव्य झांकियां अयोध्या को भक्तिमय वातावरण से सराबोर करेंगी।

अयोध्या : रामनगरी में दसवें दीपोत्सव पर ऐसा अद्भुत नजारा देखने को मिलेगा कि मानो त्रेता युग लौट आया हो। श्रद्धालु राम की पैड़ी पर पहुंचते ही ‘पुष्पक विमान’ और ‘राम दरबार’ को देखकर स्तब्ध रह जाएंगे। पर्यटन विभाग द्वारा तैयार किए जा रहे ये दोनों भव्य निर्माण सिर्फ सजावट नहीं, बल्कि भगवान श्रीराम के कालखंड का जीवंत अनुभव बनने वाले हैं।

योगी सरकार की दीपोत्सव को भव्य बनाने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ रही। मोक्ष एडवर्टाइजिंग एंड इवेंट्स मैनेजमेंट कंपनी के प्रतिनिधि के अनुसार पुष्पक विमान की लंबाई 30 फीट, चौड़ाई 12 फीट और ऊंचाई 16 फीट रखी गई है। राम दरबार 30 गुणा 20 फीट क्षेत्र में बन रहा है, जिसकी ऊंचाई लगभग 20 फीट होगी। दोनों संरचनाएं प्लाई कैनवास मटेरियल से तैयार की जा रही हैं। बंगाल सहित अन्य राज्यों के कुशल कारीगर रात-दिन मेहनत कर रहे हैं, ताकि हर बारीक नक्काशी और आकार सटीक बने। इसके साथ रामायण थीम पर आधारित तीन नावें भी तैयार हो चुकी हैं, जो सरयू नदी पर तैरती हुई पूरे दृश्य को और रोमांचक बना देंगी। पुष्पक विमान को इस तरह तैयार किया जा रहा है कि श्रद्धालुओं को भगवान श्रीराम की लंका विजय के बाद अयोध्या वापसी के प्रसंग की अनुभूति हो सके।

सरयू की लहरों पर दीयों की परछाईं लेकर तैरेंगी नावें

जब दीपों की रोशनी में पुष्पक विमान जगमगाने लगेगा और राम दरबार में भगवान राम, माता सीता, लक्ष्मण तथा हनुमान जी की उपस्थिति का आभास होगा, तो लगेगा जैसे कोई प्राचीन चित्र जीवित हो उठा हो।अद्वितीय अनुभाव के साथ मिल रहा रोजगार का अवसर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में अयोध्या को वैश्विक पर्यटन और सांस्कृतिक धरोहर का केंद्र बनाने के निरंतर प्रयास हो रहे हैं। पर्यटन विभाग द्वारा की जा रही ये तैयारियां न केवल श्रद्धालुओं को अद्वितीय अनुभव देंगी, बल्कि स्थानीय कारीगरों को भी रोजगार का अवसर प्रदान करेंगी। राम की पैड़ी पर खड़े होकर जब श्रद्धालु पुष्पक विमान और राम दरबार को देखेंगे, तो उनके मन में वही भक्ति और विस्मय जागेगा जो सदियों पहले इस धरती पर रहा होगा।

भगवान राम, सीता, हनुमानजी, लक्ष्मण व अन्य स्वरूपों के साथ होंगे विराजमान

अयोध्या में रामकथा पार्क में एक भव्य रामरथ तैयार किया जा रहा है, जो इस बार दसवें दीपोत्सव की मुख्य आकर्षण बनेगा। पर्यटन विभाग व संस्कृति विभाग द्वारा चयनित कंपनी मोक्ष एडवर्टाइजिंग एंड इवेंट्स मैनेजमेंट कंपनी के प्रतिनिधि के अनुसार 16 फीट लंबे, 12 फीट चौड़े और 15 फीट ऊंचे इस रामरथ पर जगत के पालनहारी भगवान श्रीराम विराजमान होंगे। उनके साथ माता सीता, लक्ष्मणजी, हनुमानजी तथा अन्य दिव्य स्वरूप भी विराजेंगे।

योगी आदित्यनाथ सरकार के नेतृत्व में अयोध्या में दीपोत्सव का आयोजन हर वर्ष भव्य रूप से किया जाता है। इस बार यह आयोजन दसवें वर्ष में प्रवेश कर रहा है। शहर को दीपों से सजाया जाएगा और रामकथा पार्क में तैयार हो रहा यह रामरथ उत्सव की शोभा बढ़ाएगा। रामकथा पार्क में चल रहे निर्माण कार्यों के अनुसार रथ को पारंपरिक और आधुनिक दोनों शैलियों का मिश्रण देते हुए तैयार किया जा रहा है। मटेरियल प्लाई कैनवास पर बन रहे रामरथ की ऊंचाई 15 फीट रखी गई है, जिससे यह दूर से ही भक्तों को आकर्षित करेगा। आयोजकों के अनुसार रथ पर भगवान राम, सीता माता, लक्ष्मण और हनुमानजी के साथ अन्य स्वरूपों को भी स्थान दिया जाएगा, जिससे रामकथा की सम्पूर्ण झांकी प्रस्तुत हो सके।

लाखों दीपों से रोशन होगी रामनगरी

दीपोत्सव के दौरान अयोध्या की घाटों, मंदिरों और प्रमुख मार्गों को लाखों दीपों से रोशन किया जाएगा। योगी सरकार इस आयोजन को रामनगरी की सांस्कृतिक पहचान और पर्यटन को बढ़ावा देने वाले प्रमुख कार्यक्रम के रूप में देखती है। पिछले वर्षों की तरह इस बार भी सांस्कृतिक कार्यक्रम, रामलीला और भक्ति संगीत के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। जिला प्रशासन और संबंधित विभागों द्वारा सुरक्षा व्यवस्था और यातायात प्रबंधन को लेकर भी विशेष तैयारियां की जा रही हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पर्याप्त पार्किंग, पेयजल और चिकित्सा व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। रामरथ के दर्शन और दीपोत्सव के भव्य आयोजन से अयोध्या एक बार फिर भक्ति और संस्कृति का केंद्र बनेगा।

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