
रोजगार देने में प्रधानमंत्री रोजगार सृजन की महत्पूर्ण भूमिका : सहगल
इस योजना के तहत विगत पांच वर्षों में 40 हजार इकाइयां स्थापित हुई.उप्र में पांच लाख लोगों को रोजगार के अवसर प्राप्त हुए.
लखनऊ । उत्तर प्रदेश के अपर प्रमुख सचिव खादी एवं ग्रामोद्योग डॉ. नवनीत सहगल ने कहा है कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के बेरोजगार युवाओं को रोजगार प्रदान करने में भारत सरकार की फ्लैगशिप योजना प्रधानमंत्री रोजगार सृजन (पीएमईजीपी) की महत्पूर्ण भूमिका है। इस योजना के तहत विगत पांच वर्षों में 40 हजार इकाइयां स्थापित हुईं। लगभग पांच लाख लोगों को रोजगार के अवसर प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए आसानी से ऋण मिले। बैंकों को इस दिशा में और संवेदनशील होकर सक्रिय भागीदारी निभानी होगी।
एसीएस नवनीत सहगल शुक्रवार को केन्द्रीय खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग की तरफ से गन्ना संस्थान में आयोजित एक दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पीएमईजीपी योजना के तहत वर्ष 2021-22 में उद्योग विभाग, उप्र खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड और खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग ने मिलकर लक्ष्य के सापेक्ष मार्जिनमनी वितरण में 123 प्रतिशत सफलता प्राप्त की है। प्रदेश की 12 हजार 581 इकाइयों को पीएमईजीपी योजना के तहत 410.53 करोड़ रुपये की मार्जिन मनी अनुदान एवं बैंकों द्वारा 1181.73 करोड़ का ऋण बांटा गया। इसके माध्यम से एक लाख 648 लोगों का रोजगार मिला है।
उन्होंने कहा कि इस वित्तीय वर्ष में 12 हजार 682 इकाई लगाने का लक्ष्य है। सहगल ने मौके पर ही कहा कि तीन एजेंसियों को अलग-अलग लक्ष्य भी निर्धारित करते हुए इस वर्ष 200 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त किया जाय। लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए अधिकारियों को ईमानदारी से अपने दायित्वों का निर्वहन करना होगा। कार्यशाला में आयुक्त एवं निदेशक उद्योग मनीष चौहान, खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग के राज्य निदेशक राजेश कुमार, खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग लखनऊ के साथ-साथ प्रदेश के सभी जिलों के उपायुक्त उद्योग, जिला ग्रामोद्योग अधिकारी, जिला अग्रणी प्रबंधक तथा बैंकों के स्थानीय प्रमुखों ने भाग लिया।(हि.स.)



